नाहन (सिरमौर)। सौ घंटों से लापता चल रहा मझौली निवासी सुशील कुमार बुधवार शाम को बेसुध हालत में मिला। हैरानी की बात यह रही कि 4 दिन से लापता सुशील अपने पैतृक गांव से मात्र दो किमी दूर डकूला गांव के जंगलों में बेसुध हालत में बरामद हुआ। सुशील के बरामद हो जाने के बाद उसके परिजनों व पुलिस प्रशासन ने राहत की सांस ली है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार डकूला गांव का एक लड़का घास काटने के लिए जंगल में गया हुआ था, जहां उसने अर्धचेतन अवस्था में सुशील कुमार को देखा। सुशील कुमार बोलने की हालत में नहीं था। उक्त युवक ने इसकी सूचना फौरन घर में दी। इसके बाद सुशील के बरामद होने की खबर क्षेत्र में आग की तरह फैल गई। क्षेत्र के लोग वहां भागे चले जाए।
बेहोशी की हालत में ही गांव के लोग 108 के माध्यम से उसे नाहन मेडिकल कॉलेज लेकर आए। अस्पताल में पुलिस भी पहुंच चुकी थी लेकिन सुशील कुमार देर सायं तक बयान देने की हालत में नहीं था। पुलिस का मानना है कि भूखा प्यासा रहने के कारण शायद सुशील की यह हालत हुई है। यद्यपि सुशील कुमार बेसुध अवस्था में है ऐसे में उसके साथ क्या घटना घटी। इसका खुलासा बाद में ही हो पाएगा। बहरहाल उसकी माता पदमा देवी, पत्नी व बेटा बेटी ने सुशील के बरामद होने के बाद राहत की सांस ली है।
गौर हो कि सुशील के लापता होने को लेकर पूरे शहर में हड़कंप मचा हुआ था। बुधवार की सुबह स्थानीय विधायक राजीव बिंदल भी दर्जनों ग्रामीणों के साथ सुशील की बरामदगी को लेकर एसपी सिरमौर से मिले थे।
थाना सदर नाहन के एसएचओ तिलक राज शांडिल्य ने बताया कि सुशील कुमार अर्धबेहोशी की हालत में डकूला के जंगल से मिला है। पुलिस जंगल में बरामदगी वाले स्थान की जांच भी कर रही है। सुशील अभी बयान देने की हालत में नहीं है। उसके बयान के बाद ही हकीकत का खुलासा हो पाएगा।