नाहन (सिरमौर)। धारटीधार क्षेत्र की धगेड़ा पंचायत में तेंदुए के आतंक से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। दो दिन के भीतर यहां तेंदुए ने दो मवेशियों को मौत के घाट उतार दिया। जबकि, एक को बुरी तरह जख्मी कर दिया।
दिनोंदिन क्षेत्र में तेंदुए से बढ़ रही दहशत के बीच लोगों को मवेशियों को जंगल में छोड़ना मुश्किल हो गया है। वहीं, रात के समय गोशाला के भीतर भी तेंदुए के आ धमकने का खतरा बना हुआ है। बीते दिन भी तेंदुए ने गोशाला के भीतर दो मवेशियों को अपना शिकार बनाया।
धगेड़ा पंचायत के पूर्व प्रधान वीरेंद्र ठाकुर और वर्तमान उपप्रधान बिट्टू ठाकुर ने बताया कि कून गांव के सुंदरलाल की गोशाला में रात के समय तेंदुए ने दो मवेशियों पर हमला कर दिया, जिसमें एक बैल को मौत के घाट उतारा जबकि, दूसरा घायल है। वहीं, रोजबेंदली गांव के बाबूराम का एक बैल भी तेंदुए ने मार गिराया।
उन्होंने बताया कि बाबूराम बीपीएल परिवार से संबंध रखता है और अब दोनों के पास कृषि के लिए कोई साधन नहीं बचा है। जबकि, फसल बिजाई का समय है। उन्होंने बताया कि इस बारे में वन विभाग को सूचित कर दिया है। ग्रामीणों ने इसकी सूचना पशुपालन विभाग को भी दी, जिसके बाद फार्मासिस्ट यशपाल ने मौके पर पहुंचे और रिपोर्ट विभाग को भेजी। पंचायत के पूर्व प्रधान वीरेंद्र ठाकुर ने बताया कि इन दिनों मवेशियों को चरागाह में चराना तो दूर गोशाला में भी मवेशी सुरक्षित नहीं बचे हैं।
उन्होंने विभाग और सरकार से मांग की कि पशुपालकों को इसका उचित मुआवजा दिया जाए और तेंदुए को पकड़ा जाए ताकि लोगों की परेशानी कम हो सके। पशुपालन विभाग के फार्मासिस्ट यशपाल ने बताया कि तेंदुए के हमले के शिकार मवेशियों की रिपोर्ट विभाग को भेज दी है। साथ ही वन विभाग को भी इस बारे में सूचना दे दी है।