पांवटा-शिलाई-गुम्मा नेशनल हाईवे पर क्रैश बेरियर से गायब लोहे की पट्टियां। संवाद
रुद्र सेना और स्थानीय लोगों ने जताई चिंता
पुलिस गश्त बढ़ाने और बैरियरों की मरम्मत कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
रोनहाट (सिरमौर)। पांवटा-शिलाई-गुम्मा नेशनल हाईवे-707 पर सफर अब सुरक्षित नहीं रह गया है। असामाजिक तत्वों की शरारत के चलते सड़क पर राहगीरों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं। सड़क हादसों के दौरान वाहनों को खाई में गिरने से बचाने के लिए लगाए क्रैश बैरियरों की मजबूती के लिए लगाई गई लोहे की सपोर्टिंग प्लेटें धीरे-धीरे गायब की जा रही हैं।
इससे कई क्रैश बैरियर कमजोर हो गए हैं। इसको लेकर ग्रामीणों और वाहन चालकों में रोष है। हिमाचल और उत्तराखंड रुद्र सेना के संस्थापक राकेश उत्तराखंडी तथा नेरवा इकाई के सदस्य रविंद्र राठौड़, जसवंत सिंह, सुनील कुमार और अशोक शर्मा ने इस पर चिंता जताई है। उन्होंने बताया कि मीनस से शिलाई के बीच कई जगह असामाजिक तत्व सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचा रहे हैं। क्रैश बैरियरों से लोहे की सपोर्टिंग प्लेटें निकालकर उन्हें कमजोर किया जा रहा है। यदि इस मार्ग पर कोई वाहन अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त होता है, तो कमजोर हो चुके बैरियर वाहन का भार नहीं झेल पाएंगे। ऐसे में करोड़ों रुपये की लागत से लगाए सुरक्षा बैरियर उपयोगिता खो देंगे।
रुद्र सेना के पदाधिकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और विभाग के उच्चाधिकारियों से मामले का तत्काल संज्ञान लेकर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते चोरी की घटनाओं पर रोक नहीं लगाई गई और बैरियरों की मरम्मत कर उन्हें दोबारा मजबूत नहीं किया गया, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से भी इस मार्ग पर गश्त बढ़ाने तथा चोरी की घटनाओं में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।