चेक बाउंस मामले में आरोपी
दोषी करार, एक साल की सजा
- साल 2016 का मामला, घरेलू जरूरतों के लिए दोषी ने बैंक से लिए थे 2 लाख रुपये
- न्यायिक मजिस्ट्रेट विकास कपूर ने सुनाया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। चेक बाउंस के एक मामले में अदालत ने आरोपी संदीप शर्मा को दोषी ठहराते हुए एक साल के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही पीड़ित को 3.75 लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश भी दिया है। न्यायिक मजिस्ट्रेट विकास कपूर ने यह फैसला सुनाया। मुआवजा न देने की स्थिति में दोषी को दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
यह मामला साल 2016 को ज्योति सहकारी गैर कृषि बचत एवं ऋण समिति का है। शिकायतकर्ता बैंक ने अदालत को बताया कि तहसील शिलाई निवासी संदीप शर्मा ने फरवरी महीने में वित्तीय आवश्यकताओं के लिए 2 लाख रुपये का ऋण लिया था। आरोपी ने नियमित रूप से किस्तों में ऋण राशि चुकाने का वचन दिया था, लेकिन आरोपी किस्तों का भुगतान करने में विफल रहा।
साल 2023 में आरोपी ने 2,68,978 रुपये बकाया राशि चुकाने के लिए एक चेक जारी किया, लेकिन बैंक में प्रस्तुत करने पर अपर्याप्त धनराशि के कारण बाउंस हो गया। कानूनी नोटिस देने के बावजूद आरोपी ने न तो रकम लौटाई और न ही कोई संतोषजनक जवाब दिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने अदालत में शिकायत दर्ज करवाई। अदालत ने फैसले में कहा कि आरोपी अपना पक्ष साबित करने में असफल रहा और शिकायतकर्ता ने मामले को संदेह से परे सिद्ध किया।