संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन/रोनहाट/सतौन (सिरमौर)। शरली पंचायत में यूकोआरसेटी की ओर से आयोजित 12 दिवसीय मोतबत्ती निर्माण प्रशिक्षण शिविर का मंगलवार को समापन हो गया। प्रशिक्षण के दौरान 30 ग्रामीण महिलाओं ने मोमबत्ती बनाने की विभिन्न तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण लिया। समापन अवसर पर प्रशिक्षणार्थियों के कौशल और सीखी गई तकनीकों का परीक्षण भी लिया गया।
प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को मोम तैयार करने, बाती लगाने, सांचे में मोम ढालने और रंग और खुशबू का प्रयोग कर आकर्षक डिजाइन की मोमबत्ती तैयार करने का अभ्यास करवाया गया। प्रशिक्षक कंचन ने महिलाओं को मोमबत्ती निर्माण की अलग-अलग तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। समापन अवसर पर प्रशिक्षणार्थियों से मोमबत्ती निर्माण की प्रक्रिया से संबंधित जानकारी ली गई और उनके व्यावहारिक कौशल का आकलन किया गया।
यूकोआरसेटी की निदेशक नवज्योत सिंह ने बताया कि प्रशिक्षण में महिलाओं को केवल मोमबत्ती बनाने तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि तैयार उत्पाद की गुणवत्ता, आकर्षक डिजाइन, बाजार की मांग और बिक्री की संभावनाओं के बारे में भी जानकारी दी गई। महिलाओं को बताया गया कि घर से मोमबत्ती निर्माण शुरू कर इसे स्वरोजगार के साधन के रूप में अपनाया जा सकता है।
संकाय सदस्य मनीषा चौहान ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को मोमबत्ती निर्माण के साथ स्वरोजगार शुरू करने के लिए जरूरी व्यावहारिक पहलुओं की जानकारी दी गई। प्रशिक्षणार्थियों के रहने और भोजन की सुविधा भी निशुल्क उपलब्ध करवाई गई।
प्रशिक्षण के समापन पर महिलाओं ने प्रशिक्षण के दौरान सीखे हुनर को स्वरोजगार से जोड़कर आय का साधन विकसित करने की बात कही। यूकोआरसेटी की ओर से प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण पूरा करने के बाद आगे भी अपने कौशल का उपयोग कर स्वरोजगार की दिशा में बढऩे के लिए प्रेरित किया गया।