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लाख कोशिशों के बाद भी नाहन नहीं आ रही बाहरी बसें

Tue, 09 Feb 2016 06:24 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, सिरमाौर
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 पुलिस एवं परिवहन विभाग की लाख कोशिशों के बाद भी बाहरी राज्यों की बसें नाहन बस स्टैंड नहीं आ रही हैं। या यूं कहें कि यह मामला दोनों विभागों में ठोस समन्वय नहीं होने के कारण वर्षों से लटका है। बाहरी राज्यों की बसें चंडीगढ़ व देहरादून से आने वाली सवारियों को नाहन से 3 किमी दूर दोसड़का पर उतार कर सीधे निकल रही हैं।
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हालांकि पुलिस की ओर से वहां पर 24 घंटे एक कर्मचारी तैनात किया गया है लेकिन उसके बावजूद भी चालक-परिचालक अपनी मनमानी कर रहे हैं। यह समस्या लंबे समय से चली आ रही है जिसका समाधान नहीं हो पा रहा है। 


शहरवासी कुनाल टांक, सौरभ रतन, करुण नागर, ओमप्रकाश, सुनील कुमार, ललित व अरुण कुमार ने बताया कि कई बार छात्र-छात्राएं, मरीज एवं उनके रिश्तेदार चंडीगढ़ से नाहन के लिए पंजाब, हरियाणा,  उत्तराखंड एवं सीटीयू की बसों से नाहन के लिए आते हैं लेकिन यह बसें दिन व रात के समय इन्हें दोसड़का पर उतारकर सीधे देहरादून की ओर निकल जाती हैं।
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ठेकेदार की ओर से दोसड़का में पर्ची उपलब्ध करवाई जा रही है। बाहरी राज्यों की बसों को दोसड़का की बजाए नाहन में ही पर्ची प्रदान की जाए ताकि जनता को परेशानी न झेलनी पड़े।
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दोसड़का में पुलिस कर्मचारी 24 घंटे तैनात
पुलिस की तरफ से दोसड़का में एक कर्मचारी 24 घंटे तैनात है, जो बाहरी राज्यों की बसों को नाहन के लिए भेजता है। कई बार उत्तराखंड रोडवेज की बसें सीधे निकल जाती हैं। परिवहन विभाग की ओर से भी वहां पर एक कर्मचारी तैनात किया जाना चाहिए ताकि नाहन नहीं आने वाली बसों का परमिट चालान हो सके।
                - विनोद कुमार धीमान-एएसपी नाहन
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स्टाफ की कमी से परेशानी
- परिवहन विभाग में स्टाफ का भारी टोटा है जिस कारण दोसड़का में स्थायी कर्मचारी नियुक्त नहीं किया जा सकता। बाहरी राज्यों की जो बसें नाहन नहीं आती हैं परिवहन विभाग की ओर से उन पर कार्रवाई की जाती है। बावजूद विभाग इस समस्या को लेकर गंभीर है।
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          -सुनील शर्मा, आरटीओ नाहन
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