सराहां (सिरमौर)। विधानसभा चुनाव के लिए नौ नवंबर को हुए मतदान के बाद विभिन्न राजनीतिक दलों ने आत्ममंथन शुरू कर दिया है। फील्ड से फीडबैक के आधार पर पार्टी के खिलाफ कार्य करने वालों को बाहर का रास्ता दिखाया जा रहा है। पच्छाद भाजपा ने भी पार्टी विरोधी गतिविधियों का आरोप लगाते हुए चार नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया है। इनमें पूर्व जिप अध्यक्ष एवं भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य दयाल प्यारी भी शामिल हैं।
पच्छाद भाजपा मंडल की बैठक में पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष एवं प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दयाल प्यारी, किसान मोर्चा के कोषाध्यक्ष जसपाल सिंह, सोमदत्त ठाकुर और बूथ अध्यक्ष देव टिक्करी पृथ्वी राज पर पार्टी विरोधी कार्य करने के आरोप लगाए। बैठक में निर्णय लिया गया कि जिन लोगों ने हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों में हिस्सा लिया है उनके विरुद्ध संगठन कड़ी कार्रवाई करें। इसके बाद बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि उक्त चारों नेताओं को भाजपा से तुरंत निलंबित किया जाए। मंडल अध्यक्ष प्रताप सिंह ठाकुर और महामंत्री अनूप शर्मा ने संयुक्त रूप से जारी बयान में कहा कि मंडल कार्यकारिणी की बैठक में उक्त चारों नेताओं को भाजपा से निलंबित कर दिया गया है। यह फैसला सर्वसम्मति से लिया गया। उन्होंने कहा कि प्रदेश संगठन से सिफारिश की जाएगी कि उक्त नेताओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करें।
उधर, जिप अध्यक्ष दयाल प्यारी ने बताया कि वह प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य हैं। मंडल उन्हें निलंबित करने के लिए अधिकृत नहीं है। पार्टी के कुछ छुटभैये नेताओं के इशारे पर उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिला परिषद के चुनाव में भी इन्हीं लोगों ने मेरा विरोध किया था। मेरी खिलाफत भी हुई। लेकिन, बावजूद इसके चुनाव में विजय हुई। पार्टी विरोधी कार्य करने के आरोप निराधार हैं। मेरे साथ पच्छाद की जनता है। इस फैसले के खिलाफ वह प्रदेश हाईकमान के समक्ष अपना पक्ष रखेंगी। उन्होंने कहा कि 1977 से उनका परिवार भाजपा से जुड़ा हुआ है।