हिमाचल के प्रवेश द्वार पर पेयजल सुविधा न शौचालय
कालाअंब बैरियर पर हजारों लोग झेल रहे भारी दिक्कतें
वर्षाशालिका की भी दरकार, बैठने तक को नहीं जगह
अमर उजाला ब्यूरो
कालाअंब (सिरमौर)। औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में राष्ट्रीय उच्च मार्ग-07 पर स्थित मुख्य चौक पर बुनियादी सुविधाओं की दरकार है। एक दशक से यहां की जनता समस्याओं से जूझ रही है। चौक पर प्रदेश का प्रवेश द्वार है लेकिन, यहां आने-जाने वाले यात्रियों और स्थानीय लोगों के लिए न तो पीने के पानी की व्यवस्था है और न ही बैठने की। दशकों से यहां शौचालय की भी दरकार है। नतीजन लोगों को रोजाना इन परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। कालाअंब में रोजाना हजारों लोग विभिन्न स्थानों नाहन, शिमला, पांवटा, देहरादून, हरिद्वार, चंडीगढ़, अंबाला, पंचकूला, दिल्ली, यमुनानगर और सहारनपुर आदि से सफर तय कर पहुंचते हैं। औद्योगिक हब होने के बावजूद यहां बुनियादी सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं है। स्थानीय निवासी संजय कुमार, रजनी, नीरज, सोनू, रामलाल, दीपचंद, दिपांशु और राजकुमार ने बताया कि एक दशक से कालाअंब चौक में लोगों के लिए न तो पीने के पानी का प्रबंध है और न ही बैठने के लिए वर्षाशालिका और शौचालय की व्यवस्था है। इसके चलते महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों और रोगियों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इन बुनियादी सुविधाओं को मुहैया कराने के लिए सरकार या प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।
कालाअंब में मुख्य चौक के साथ यात्रियों को पीने के पानी, चौकीदार और सफाई कर्मचारी के लिए रहने का स्थान आदि सुविधाओं से परिपूर्ण सुव्यवस्थित वर्षाशालिका और शौचालय बनाए जाने प्रस्तावित हैं। वर्षाशालिका और शौचालय के लिए कालाअंब में जगह भी चिन्हित की गई है और प्राक्कलन बनाकर दिल्ली उच्चाधिकारियों को भेजा गया है। स्वीकृति और बजट मिलते ही इस पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा। -अनिल कुमार, कनिष्ठ अभियंता भारतीय राष्ट्रीय उच्च मार्ग प्राधिकरण।