अमर उजाला ब्यूरो
नाहन/ सराहां/ राजगढ़ (सिरमौर)। कृषि और बागवानी के लिए सौगात लेकर आई बारिश आफत भी बन गई है। बारिश के कारण सिरमौर जिले के सैकड़ों गांवों में अंधेरा पसरा रहा। सोमवार शाम को शुरू हुई बारिश के कारण बिजली सेवा ठप रही।
दूरसंचार सुविधाओं पर भी इसका असर देखा गया। कुछ क्षेत्रों में बिजली जहां आंख-मिचौनी का खेल खेलती रही। वहीं अधिकतर गांवों में पूरी तरह से अंधेरा पसरा जिस कारण कड़कती ठंड में बिना बिजली के कारण लोग मुश्किल में दिखे।
रात को गुल हुई बिजली को विभाग कई जगह तो दिन तक दुरुस्त नहीं कर पाया जिस कारण लोगों को रोजमर्रा के कार्य निपटाने में भारी मुश्किल हुई। जिला मुख्यालय नाहन व साथ लगते ग्रामीण इलाकों में रात 9 बजे से लंबे-लंबे कट लगते रहे जो मंगलवार सुबह तक जारी रहे। इस दौरान मोबाइल सेवाएं भी ठप रहीं। सिग्नल होते हुए भी मोबाइल नेटवर्क पर कॉल संभव नहीं हुई।
जबकि पच्छाद क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चार दर्जन गांवों में सोमवार रात को गुल हुई बिजली दोपहर तक दुरुस्त नहीं हो पाई।
बारिश के कारण सराहां व बागथन केवी लाइन में तकनीकी खराबी आने के कारण बागथन, बघार, शेखर, कनुथ, तकाहां, आजी, शीरला, बोहलघाट, बोहल, कमाहां, सेर, बांजन, गागल-शिकोर, चलोग, बनाड़, धंधोली, पपलाह, ठाकरों, श्यामपुर, छन्नदोग, चावला, कलसेर, बीयूला, गंबर इत्यादि गांव करीब 15 घंटे तक पूरी तरह से अंधरे में डूबे रहे।
उधर, राजगढ़ क्षेत्र में भी बारिश का बिजली आपूर्ति पर असर दिखा। सोमवार रात को शुरू हुई बारिश के शुरू होते ही दीदग, भुईरा व छोगटाली पंचायतों के करीब दो दर्जन गांव में बिजली बंद हो गई जो कि 12 घंटे के बाद सुबह करीब 9 बजे ही बहाल हुई। इस कारण लोगों को रात को तो परेशानी झेलनी ही पड़ी, वहीं सुबह के समय भी रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में भारी दिक्कत हुई। इसी प्रकार संगड़ाह क्षेत्र के कुछ इलाकों में भी रात को बिजली आपूर्ति ठप रही।
बिजली बंद होने का असर कई क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति पर भी पड़ा। पानी का भंडारण नहीं होने के कारण लोगों को अगले दिन पानी की आपूर्ति नहीं की जा सकी जिस वजह से लोगों को पानी से भी वंचित रहना पड़ा।