पांवटा साहिब (सिरमौर)। नगर परिषद पांवटा साहिब ने होला मोहल्ला मेले में लगे झूलों की टिकट राशि तय कर दी थी, जिससे आम जनता को सही दामों पर झूला झूलने को मिल सके। लेकिन, मेला कमेटी के तय दामों को ठेंगा दिखाया जा रहा है। झूला संचालक तय दामों की जगह मनमानी कर रहे हैं। सुनियोजित ढंग से मेला मैदान में जगह-जगह लगी झूले के तय दामों की लिस्टें गायब हैं। टिकट काउंटरों पर भी हर वर्ष की तरह स्टीकर लगा कर कोई रेट नहीं दर्शाया गया है। इस बार होली मेले में झूलों का ठेका 24.80 लाख रुपये और मेले की दुकानों का 14.48 लाख रुपये में ठेका गया है। पांवटा नगर परिषद कमेटी ने झूलों के दाम पहले ही तय कर दिए थे। इसमें छोटा झूलों का टिकट 20 रुपये, बढ़ा झूला 40 रुपये, किश्ती 40 रुपये, मौत का कुआं 30 रुपये, रेंजर झूले का दाम 50 रुपये और अन्य 20 रुपये टिकट के रेट तय हुए थे। इसके लिए हर वर्ष की तरह मेला मैदान में पुलिस सहायता कक्ष, झूलों के काउंटरों पर बाकायदा रेट लिस्ट के बैनर लगाए जाते है। इस वर्ष भी बैनर लगाए गए थे लेकिन, एक दिन बाद ही पूरे सुनियोजित तरीके से रेट लिस्ट के बैनर गायब कर दिए गए हैं। मेले में पहुंचे नीलम कपूर, बाला देवी, अश्वनी और प्रदीप चौहान ने कहा कि कुछ छोटे झूलों में तय 20 की जगह 30 रुपये व 40 की जगह 50 रुपये टिकट के दामों की वसूली हो रही है।
मेला कमेटी को हटाई रेट लिस्ट फिर से लगवानी होगी। समय-समय पर टीम को खुद वसूले जा रहे दामों की चेकिंग करनी चाहिए। उधर, नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी एसएस नेगी ने
कहा कि इसके संदर्भ में शिकायत नहीं मिली है। फिर भी यदि तय झूला रेट से अधिक राशि वसूली जा रही है, तो ऐसा करने के रोका जाएगा।