अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)।
अखिल भारतीय ग्रामीण डाक सेवक संघ ने नाहन में सोमवार को अपनी मांगों को लेकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान संघ की नाहन शाखा से जुड़े ग्रामीण डाक सेवकों ने शहर में एक रोष रैली भी निकाली जो मुख्य डाकघर नाहन से शुरू हुई और गुन्नुघाट, चौगान, नया बाजार, महिला लाइब्रेरी आदि स्थानों से होती उपायुक्त कार्यालय पहुंच कर समाप्त हुई।
रैली के दौरान ग्रामीण डाक सेवकों ने कमलेश चंद्रा कमेटी की सिफारिशों को लागू न करने पर नारेबाजी की। उपायुक्त सभागार पहुंच कर संघ के पदाधिकारियों ने उपायुक्त को महामहिम राज्यपाल के नाम अपना मांग पत्र भी सौंपा।
प्रदर्शनकारी मोहित गुप्ता, अनवर अली, भरत सिंह, रेखा देवी, जयवंती, देवेंद्र सिंह, विमल, नितिन, रघुवीर सिंह, गुमान सिंह, पृथ्वी आदि ने मांग पत्र के माध्यम से बताया कि केंद्र सरकार ने अभी तक सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू नहीं किया है जिस कारण देश भर में 2 लाख 70 हजार ग्रामीण डाक सेवक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं।
उन्होंने बताया कि ढाई वर्ष पूर्व इस संदर्भ में गठित कमलेश चंद्रा कमेटी ने सातवां वेतन आयोग लागू करने की सिफारिश की थी। हैरत की बात है कि अभी तक लागू नहीं किया गया है जिस कारण उन्हें मजबूरन हड़ताल करनी पड़ रही है।
उन्होंने बताया कि ग्रामीण डाक सेवक सीमित संसाधनों के बावजूद अति दुर्गम क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। जबकि उन्हें वेतन भी नाममात्र का दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार व विभाग उनकी मांगों के प्रति उदासीन रवैया अपनाए हुए है। संघ ने महामहिम राज्यपाल से गुहार लगाई कि सातवें वेतन आयोग को लागू करवाया जाए।