अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)।
बारिश नाममात्र होने की वजह से सिरमौर में अभी से पेयजल समस्या विकराल रूप धारण कर रही है। शहर से लेकर गांवों तक पानी का संकट गहरा रहा है। हालांकि, नाहन शहर में फिलहाल स्थिति चिंताजनक नहीं है लेकिन, प्रचंड गर्मी पड़ने के बाद यहां भी पानी के लिए हाहाकार मच सकता है।
लगभग 60 हजार की आबादी वाले नाहन शहर में पानी का संकट कोई नई बात नहीं है। सर्दी हो या गर्मी यहां अक्सर पानी का संकट रहता है। हर सीजन में यहां लोगों को तीसरे दिन पानी मिल रहा है। नाहन शहर को वर्तमान में नेहर स्वार और खैरी पेयजल योजना से पानी की सप्लाई की जा रही है। रोजाना लगभग 42 लाख लीटर पानी का भंडारण कर लोगों को पानी दिया जा रहा है।
विभाग ने शिफ्टों के तहत हर तीसरे दिन पानी मुहैया करवाना सुनिश्चित किया है लेकिन बिजली कट होने की स्थिति में यह सप्लाई बाधित हो जाती है।
गर्मियों में पानी की बढ़ती मांग को देखते हुए शहर में पानी का गंभीर संकट खड़ा हो सकता है। आशंका जताई जा रही है कि प्राकृतिक जल स्रोत पर निर्भर नहर स्वार की योजना में पानी की कमी आ सकती है जिससे शहर में पानी की आपूर्ति घट सकती है।
उधर, सिरमौर के कई गांवों में पानी की कमी चल रही है। सराहां और इससे सटी लगभग आठ पंचायतों में पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा। यहां पानी के स्रोतों में 60 से 70 फीसदी तक कमी दर्ज की जा रही है। इलाके में कभी तीन तो कभी पांच दिन बाद पानी सप्लाई किया जा रहा है। ददाहू में भी पानी की कमी को देखते हुए इस महीने से आईपीएच विभाग राशनिंग शुरू कर देगा। इसके अलावा सतौन से सटे, शिलाई, संगड़ाह आदि के इलाकों के कई गांवों में पानी की आपूर्ति घट गई है।
आईपीएच के कनिष्ठ अभियंता प्रदीप कुमार ने बताया कि फिलहाल नाहन शहर में पानी की कमी नहीं है। गर्मियों में पानी की दिक्कत न हो इसके लिए भी प्रबंध किए जा रहे हैं।