नाहन (सिरमौर)।आबकारी एवं कराधान विभाग की परवाणु से आई विशेष टीम ने पांवटा साहिब में स्थित शराब के एक उद्योग को अवैध उत्पादन के चलते सील कर दिया है। विभाग के दक्षिणी प्रवर्तन क्षेत्र परवाणु की टीम ने रात भर चले निरीक्षण के बाद यह कार्रवाई की।
फैक्ट्री को लेकर विभाग को कई शिकायतें मिल रही थीं। वर्ष 2015 में भी दबिश देकर फैक्ट्री प्रबंधन पर जुर्माना ठोका गया था। मंगलवार को फिर फैक्ट्री का औचक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान टीम के हाथ चौंकाने वाले तथ्य हाथ लगे। फैक्टरी में 933 बल्क लीटर गैर कानूनी ईएनए (एक्स्ट्रा नेचुरल अल्कोहल) भी मिला। विभाग के अनुसार इससे सवा सौ देसी शराब की पेटियां बनाई जा सकती थी। इसके अलावा फैक्ट्री में 110 देसी शराब की पेटियां भी बरामद की गईं। इनका उत्पादन भी गैर तरीके से किया गया था। फैक्ट्री सें 1013 पेटियां शराब भी बरामद हुई। शराब की इतनी बड़ी खेप अरुणाचल प्रदेश के लिए बनाई गई थी, जिन पर किसी भी तरह का बैच नंबर अंकित नहीं था और न ही टीम को इनके उत्पादन से संबंधित कोई रिकार्ड मिला।
यही नहीं निरीक्षण में प्रदेश व बाहरी राज्यों की गैर कानूनी तरीके से पकड़ी गई शराब भी बिना बैच नंबर व तारीख के बरामद की गई। जांच के दौरान टीम को यह भी पता चला कि इस संयंत्र में गैर कानूनी शराब का उत्पादन व बिक्री एक आम बात थी। इससे पहले भी नारायणगढ़ पुलिस ने इसी संयंत्र में बनी 1042 शराब की पेटियां इसी साल 9 मई को बरामद की थीं।
पता चला है कि विभाग ने 2015 में भी इस फैक्टरी का निरीक्षण किया था। उस समय फैक्टरी पर 16 लाख का जुर्माना करने के बाद इसे दोबारा उत्पादन की अनुमति प्रदान की गई थी। उधर, आबकारी एवं कराधान विभाग के उप आबकारी एवं कराधान आयुक्त परवाणु डॉ. सुनील कुमार ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि फैक्टरी के खिलाफ अधिक अनियमितताओं को देखते हुए फैक्ट्री को सील कर दिया है। फैक्टरी को सील करने के बाद विभाग का पहरा भी बिठा दिया है।
उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई में ईटीओ अमित शोष्टा, तुलसीराम राणा, ईटीआई कुलदीप शर्मा, रुपिंद्र सिंह, मनोज सचदेवा, दीप चंद, हैड कांस्टेबल नरेंद्र कुमार व करनैल सिंह के अलावा विभाग के भजन सिंह, मोहन सिंह, बुद्घिराम आदि कर्मचारी उपस्थित रहे।