ढाई साल से पार्क का निर्माण अधूरा
विभाग और ठेकेदार विवाद में फंसा काम
ओपन जिम की भी सुविधा नहीं
सुनील ग्रोवर
ठियोग (रामपुर बुशहर)। नगर परिषद ठियोग में पार्कों की कमी लोगों के लिए बड़ी समस्या बनती जा रही है। बुजुर्गों, महिलाओं और युवाओं को सुबह-शाम सैर के लिए सुरक्षित स्थान न मिलने के कारण वे सड़कों पर ही मॉर्निंग वॉक करने को मजबूर हैं। तेज रफ्तार वाहनों के बीच सैर करना लोगों के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है।
कस्बे में केवल एक पार्क वार्ड नंबर एक में है। मुख्य बाजार के बीच बन रहा पार्क पिछले करीब ढाई साल से अधूरा पड़ा हुआ है। करीब 32 लाख रुपये की लागत से बनने वाले इस पार्क का पहला चरण एक साल पहले ही पूरा हो चुका था, लेकिन उसके बाद निर्माण कार्य ठप हो गया। सूत्रों के अनुसार विभाग और ठेकेदार के बीच चल रहे विवाद के कारण काम आगे नहीं बढ़ पाया है। वहीं जनप्रतिनिधियों की ओर से भी इस मामले में कोई खास पहल नहीं की गई, जिससे लोगों में नाराजगी है।
लोगों का कहना है कि चुनावों के दौरान पार्क और ओपन जिम जैसी सुविधाओं के वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में ये योजनाएं ठंडे बस्ते में चली जाती हैं। नगर परिषद के किसी भी वार्ड में ओपन जिम की सुविधा उपलब्ध नहीं है। इससे लोगों को स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं मिल पा रहे।
लोगों ने मांग की है कि अधूरे पार्क का निर्माण जल्द पूरा किया जाए और सभी वार्डों में पार्क व ओपन जिम जैसी सुविधाएं विकसित की जाएं, ताकि लोगों को सुरक्षित और बेहतर वातावरण मिल सके।
वार्ड नंबर चार के तेनजिन दोर्जे ने कहा कि ठियोग में भी अन्य कस्बों की तरह पार्क की व्यवस्था बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि रोजाना एनएच पर वाहनों के बीच सैर करना पड़ता है, जो जोखिम भरा है।
विनय शर्मा ने कहा कि बच्चों और बुजुर्गों के लिए छोटे-छोटे पार्क बनाए जाने चाहिए, ताकि बच्चों को मोबाइल से दूर रखकर खेलकूद के लिए प्रेरित किया जा सके।
वार्ड पांच के अंबर सूद ने कहा कि पहले कस्बे में बड़े पार्क हुआ करते थे, लेकिन समय के साथ ऐसी सुविधाएं खत्म होती गईं। उन्होंने इसे जनप्रतिनिधियों की दूरदर्शिता की कमी बताया और कहा कि आपसी खींचतान के कारण जनता को मिलने वाली सुविधाओं की अनदेखी हो रही है।
ठियोग नगर परिषद वार्ड पांच निवासी अंबर सूद। संवाद
ठियोग नगर परिषद वार्ड पांच निवासी अंबर सूद। संवाद