जलशक्ति विभाग और ठेकेदार की लापरवाही ग्रामीणों पर पड़ रही भारी, पेयजल किल्लत से जूझ रही तीन हजार आबादी
कछुआ गति से हो रहे निर्माण कार्य को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष
संवाद न्यूज एजेंसी
सांगला (किन्नौर)। सुंगरा पंचायत के लिए निर्माणाधीन पेयजल योजना का कार्य कछुआ गति से हो रहा है। बीते दो वर्ष के बाद भी पेयजल योजना का निर्माण कार्य सिरे नहीं चढ़ पाया है। इस कारण ग्रामीणों में जलशक्ति विभाग और ठेकेदार की कार्यप्रणाली को लेकर रोष है। बरी कंडा से सुंगरा पंचायत के लिए पेयजल योजना का निर्माण कार्य 31 अक्तूबर, 2022 को शुरू किया गया था। करीब 25 लाख, 60 हजार की लागत से पेयजल योजना का निर्माण होना है। योजना के सिरे न चढ़ पाने के कारण करीब तीन हजार की आबादी पेयजल किल्लत से जूझ रही है। इस पेयजल योजना से सुंगरा पंचायत के तहत आने वाले ऊपरी सुंगरा, निचला सुंगरा, स्थानीय बाजार भावानगर, डेड सुंगरा, आरएस कॉलोनी, मिनी सचिवालय, अस्पताल और पुलिस थाना सहित अन्य क्षेत्रों के लिए पानी की आपूर्ति होनी है, लेकिन पेयजल योजना का कार्य अधर में लटकने से हजारों लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भाजपा जिला महामंत्री संजय नेगी ने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में पेयजल योजना का कार्य ठंडे बस्ते में चल रहा है। समय पर पेयजल योजना का निर्माण कार्य पूरा न होने के कारण हजारों लोगों को पेयजल के लिए समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जलशक्ति विभाग और ठेकेदार की लापरवाही हजारों लोगों पर भारी पड़ रही है।
पूर्व प्रधान बरी पंचायत योगराज नेगी, उपप्रधान सुंगरा अजय नेगी, भाजपा एसटी मोर्चा जिला अध्यक्ष सुनील नेगी, महामंत्री भाजपा निचार मंडल ज्ञावा पालदेन नेगी, बूथ अध्यक्ष सुंगरा मनसर नेगी, बूथ अध्यक्ष भावानगर ओमप्रकाश नेगी, सुनील नेगी, भाजपा जिला प्रवक्ता एसटी मोर्चा नरेश नेगी सहित अन्य लोगों ने कहा कि यदि पेयजल योजना का निर्माण कार्य जल्द पूरा नहीं किया गया तो सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला जाएगा।
50 फीसदी काम हो चुका है पूरा
जलशक्ति विभाग रिकांगपिओ के एक्सईएन अभिषेक शर्मा ने कहा कि पेयजल लाइन बिछाने का कार्य 50 फीसदी पूरा हो चुका है। अक्तूबर, 2024 तक कार्य पूरा कर दिया जाएगा।
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