रामपुर/ननखड़ी। रामपुर उपमंडल के प्रमुख धार्मिक स्थल श्राईकोटी मंदिर में दुर्गाष्टमी के अवसर पर श्रद्धालुओं का खूब सैलाब उमड़ा। बारह हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित मंदिर में सुबह से ही मां के भक्तों का तांता लग रहा। यह सिलसिला देर शाम तक चलता रहा। 12/20 वैली के अलावा दूर-दूर के क्षेत्रों से पहुंचे हजारों श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में हाजिरी भरी। कई घंटे लाइन के खड़े रहने के बाद श्रद्धालु मां के दर्शन कर पाए। भक्तों ने मां की विशेष पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
रविवार को मंदिर पहुंचे श्रद्धालु सुनील चौहान, उत्तम कायथ, श्वेता, अनिल, संजीव, ललित, मोहन, अर्चना ठाकुर, प्रोमिला, हिम्मत सिंह और रवि सहित अन्य श्रद्धालुओं ने कहा कि श्राईकोटी मंदिर को लेकर लोगों में काफी आस्था है। मंदिर कमेटी ने भी श्रद्धालुओं के लिए पुख्ता इंतजाम किए हैं। इस मौके पर मंदिर में भंडारे का आयोजन भी किया गया। हजारों श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन के बाद भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया।
वहीं रामपुर के खोपड़ी स्थित महिषमर्दिनी महालक्ष्मी मंदिर में भी श्रद्धालुओं ने माथा टेका और मां का आशीर्वाद प्राप्त किया। मंदिर कमेटी ने बताया कि आज महानवमी को प्रात: 9 बजे से यज्ञ शुरू होगा और 11:30 बजे पूर्णाहुति एवं कन्या पूजन किया जाएगा। वहीं दोपहर एक बजे से भंडारा शुरू किया जाएगा। कमेटी ने सभी भक्तों से मंदिर पहुंचकर मां का आशीर्वाद प्राप्त करने और भंडारे का प्रसाद ग्रहण करने का आह्वान किया है।
वहीं अष्टमी के पावन अवसर पर ननखड़ी तहसील के करांगला कोटकाली माता मंदिर में रविवार को हजारों श्रद्धालुओं ने माथा टेक कर आशीर्वाद प्राप्त किया। सुबह से ही माता के मंदिर में श्रद्धालु जुटने शुरू हुए। इस मौके पर मंदिर कमेटी की ओर से भंडारे का आयोजन भी किया गया। दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं ने माता का आशीर्वाद लिया और भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया।
माता कोटकाली मंदिर कमेटी प्रधान ज्ञान मेहता ने बताया कि नवरात्र के पर्व पर हर वर्ष भंडारे का आयोजन किया जाता है और भविष्य में भी जारी रहेंगे। मां भीमाकाली का एक अंश करांगला में स्थित है, जो नीरथ से 14 किलोमीटर की दूरी पर है। करांगलावासियों का मानना है कि अष्टमी के दिन माता के मंदिर विशेष पूजा होती है, जिससे क्षेत्र में सुख शांति और समृद्धि बनी रहती है।