रामपुर बुशहर। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर की अदालत ने एक अहम फैसला सुनाते हुए चार दोषियों चमन लाल (30) पुत्र सोहन लाल, मोहन लाल (29), गोविंद (32) और सुनील सभी मझवेटी गांव, डाकघर देवनगर तहसील रामपुर को आजीवन कारावास और दो लाख जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने जुर्माना की राशि मृतक के आश्रितों को अदा करने के आदेश जारी किए। उप जिला न्यायवादी कमल चंदेल ने बताया कि 2015 में चमन लाल (24) पुत्र दीनानाथ, निवासी कतमोरी, निरमंड जिला कुल्लू अपने दोस्तों के साथ सहकर्मी की शादी में गांव फौला गया था। वहां सभी ने एक साथ शराब पी और डीजे पर डांस किया। उसके बाद वे एक खेेत में शराब पीने बैठ गए। यहां चमन लाल और उसके दोस्तों में किसी बात पर झगड़ा हो गया।
मारपीट भी हुई। चारों आरोपी चमन लाल के दोस्त देवराज को गाड़ी में डालकर ले गए। जब चमन घर नहीं लौटा तो उसके परिजनों से पुलिस को सूचना दी। उसके बाद दूसरे चमन लाल का शव पत्थरों के बीच में मिला। पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ धारा 302 आईपीसी के तहत रामपुर थाना में मामला दर्ज करवाया था।
जांच पूरी होने के बाद चालान अदालत में पेश किया गया। साक्ष्य के आधार पर सभी को चमन लाल की हत्या का दोषी पाया गया है। इन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। सरकार की ओर से मुकदमे की पैरवी उप जिला न्यायवादी कमल चंदेल ने की। संवाद