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Rampur Bushahar News: एनएच-पांच पर चौरा से पोवारी तक सफर बना जानलेवा

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चौरा से पोवारी की ओर नेशनल हाईवे पांच पर जानलेवा बना सफर। संवाद
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ग्राउंड रिपोर्ट : 61 किलोमीटर लंबे एनएच पांच पर गड्ढों की भरमार
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. कई जगह डंगे गिरने से सड़क हुई संकरी, हादसों का बढ़ा खतरा

. किसान बागवान, सेना के जवानों सहित पर्यटकों को झेलनी पड़ रही परेशानी

संवाद न्यूज एजेंसी

सांगला (किन्नौर)। देश की सीमा को जोड़ने वाले एनएच-पांच पर चौरा से पोवारी तक सफर जानलेवा हो गया है। एनएच के इस हिस्से का अभी तक सुधार नहीं हो पाया है। लंबे समय से करीब 61 किलोमीटर लंबे हिस्से पर जगह-जगह सफर जोखिमभरा बन गया है। इसका खामियाजा जिले की 73 पंचायतों के ग्रामीणों के साथ-साथ सीमावर्ती क्षेत्रों में तैनात सेना के जवानों और किन्नौर घूमने आने वाले पर्यटकों को भुगतना पड़ रहा है। कई हिस्सों में डंगे गिरने से एनएच संकरी हो गया है। ऐसे में वाहनों की आवाजाही के दौरान दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। संकरे एनएच पर दो वाहनों के आमने-सामने आने पर चालकों को विशेष सावधानी बरतनी पड़ती है। वहीं, सड़क की खस्ताहाल स्थिति के कारण यात्रियों को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। राष्ट्रीय राजमार्ग-पांच जिले के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यह मार्ग स्थानीय लोगों की आवाजाही के साथ-साथ सेना की आवाजाही और पर्यटन गतिविधियों के लिहाज से भी अहम भूमिका निभाता है। इसके बावजूद चौरा से पोवारी तक सड़क की खराब हालत लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। किसानों-बागवानों को भी सेब सहित अन्य नकदी फसलों को मंडियों तक पहुंचाने के लिए परेशानी झेलनी पड़ रही है।


जल्द एनएच की दशा सुधारी जाए
प्रधान कोठी पंचायत महेश नेगी, प्रधान सांगला प्रविंद्र नेगी, प्रधान पानवी यशवंत सिंह नेगी, पूर्व प्रधान पूह राजेश नेगी, प्रधान मूरंग अनूप नेगी, प्रधान कटगांव देवा सिंह चारस, प्रधान बटसेरी कांता नेगी और उपप्रधान बटसेरी सुरेंद्र नेगी सहित अन्य ग्रामीणों ने सरकार, प्रशासन और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई ) से शीघ्र एनएच की दशा सुधारने की मांग उठाई है।
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चौरा से पोवारी तक क्षतिग्रस्त सड़क का एस्टीमेट बनाकर सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) को दे दिया गया है। एनएच अब सीमा सड़क संगठन के अधीन होना है। सारी औपचारिकताएं पूरी हो गई हैं। - केएल सुमन, अधिशासी अभियंता, एनएचएआई
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