सांगला/रामपुर/चौपाल। जिले में शनिवार को हुई ताजा बर्फबारी के बाद शीतलहर का प्रकोप बढ़ गया है। पर्यटन स्थल नारकंडा, कुफरी, खड़ापत्थर और खिड़की में ताजा बर्फबारी से एनएच-5 समेत कई सड़कें बाधित है। किन्नौर जिले में भारी बर्फबारी के बाद 80 सड़कें बाधित है।
शनिवार को किन्नौर में करीब 15 सेंटीमीटर तक ताजा बर्फबारी रिकॉर्ड की जा चुकी है, जबकि ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का क्रम जारी है। बर्फबारी के कारण जिले की सभी ग्रामीण सड़कों पर यातायात ठप हो गया है। इसके चलते समूचे जिले में जनजीवन बुरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। जिला प्रशासन ने भी आगामी दिनों में बर्फबारी होने को देखते हुए एडवाइजरी जारी कर लोगों को घरों पर रहने और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में नहीं जाने की सलाह दी है।
शनिवार को जिले के कल्पा का अधिकतम तापमान 7 डिग्री और न्यूनतम तापमान 3.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रमुख पर्यटन स्थल सांगला का अधिकतम तापमान 8 डिग्री और न्यूनतम तापमान माइनस 3.2 डिग्री सेल्सियस रहा। शनिवार को जिले के कुन्नोचारंग, ठंगी, लंबर, लिप्पा, आसरंग, हांगो, चूलिंग, नेसंग, नाको, समदू, सुमरा, शलखर, ब्रुआ, शौंग, चांसू, कामरू, सांगला, बटसेरी, खरोगला, रक्छम और छितकुल में 10 से 15 सेंटीमीटर ताजा बर्फबारी हुई।
जिला मुख्यालय रिकांगपिओ से शिमला की ओर एचआरटीसी की बसों की बराबर आवाजाही हुई, जबकि पूह काजा की ओर मलिंग तक ही बसों को भेजा गया। जिले के कल्पा, पूह और निचार खंड की 80 सड़कें बर्फबारी के कारण बाधित हो गई हैं, जिन्हें बहाल करने में लोक निर्माण विभाग युद्धस्तर पर जुटा हुआ है। लगातार हो रही बर्फबारी के कारण मार्ग बहाल करना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। परिवहन निगम रिकांगपिओ के अड्डा प्रभारी रामबीर सैन ने कहा कि जिले में लगातार हो रही बर्फबारी के कारण अधिकांश ग्रामीण रूटों पर निगम की बसों को नहीं भेजा गया। जिले की सड़कों में बर्फबारी और फिसलन के कारण सफर करना खतरों भरा है।
ऊंचाई वाले इलाकों में न जाएं सैलानी : उपायुक्त
मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने जिला प्रशासन की ओर से निर्देश जारी कर जिले के लोगों को बिना किसी कार्य घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है। उन्होंने जिले में आने वाले पर्यटकों से ऊंचाई वाले स्थानों में जाने से बचने की अपील की है।