तकनीकी कर्मचारियों की कमी की मार हजारों ग्रामीणों पर पड़ रही भारी
उपभोक्ताओं ने सरकार से शीघ्र स्टाफ की तैनाती करने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। रामपुर उपमंडल में बिजली बोर्ड के पास वर्षों से स्टाफ की भारी कमी चल रही है। इस कारण जहां क्षेत्र के ग्रामीणों को बिजली की समस्याओं से परेशानी झेलनी पड़ रही है, वहीं कर्मचारियों भी अतिरिक्त बोझ के तले दबे हुए हैं। गौर हो कि बिजली बोर्ड रामपुर में 340 कर्मचारियों के पद स्वीकृत हैं। इनमें से 201 पदों पर ही कर्मचारी अपनी सेवाएं दे रही है। 139 पद बीते लंबे समय से रिक्त चल रहे हैं। वर्तमान में एक कर्मचारी के हवाले 20 से 25 ट्रांसफार्मर है। रामपुर उपमंडल के अधीनस्थ पिप्टी सेक्शन में एक लाइनमैन, दो सहायक लाइनमैन और एक टीमेट कार्यरत है। इन कर्मचारियों पर 60 ट्रांसफार्मरों का जिम्मा है, जो कि 18 से 20 किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है। बिजली बोर्ड में स्टाफ की कमी के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई बार बत्ती गुल होने के कारण तो कई बार बिजली के कटों की मार ग्रामीणों पर पड़ रही है, वहीं कर्मचारियों पर भी कार्य का अधिक बोझ बढ़ चुका है। स्टाफ की कमी के करण दिन-रात फील्ड स्टाफ दबाव में काम करने को मजबूर हैं। कई ग्रामीण इलाकों में शाम के समय बिजली गुल हो जाए, तो कई घंटों तक अंधेरे में रहने को मजबूर हो जाते हैं। बत्ती गुल होने के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो जाती है, वहीं ग्रामीणों के रोजमर्रा के कार्य भी खासे प्रभावित होते हैं। बिजली बोर्ड में बीते लंबे समय से रिक्त पदों के कारण ग्रामीण खासे परेशान हैं। सुनील चौहान, प्रेमराज, संतोष कुमार, दिनेश कुमार, विकास और प्रवीण कुमार ने सरकार से शीघ्र रिक्त पदों को भरने की मांग उठाई है, ताकि ग्रामीणों को राहत मिल सके।
रिक्त पदों को लेकर समय समय पर सरकार और उच्चाधिकारियों को अवगत करवाया जा रहा है। उम्मीद जताई कि जल्द सरकार रिक्त पदों को भरेगी।
- कुकू शर्मा, एक्सईएन, बिजली बोर्ड रामपुर