सांगला (किन्नौर)। जनजातीय जिला किन्नौर में नेशनल हाईवे पांच पर 20 घंटों तक वाहनों की आवाजाही ठप रही। पांगी नाला के पास भारी भूस्खलन होने के कारण एनएच पांच मंगलवार शाम को यातायात के लिए अवरुद्ध हो गया, जिसे बुधवार दोपहर दो बजे यातायात के लिए बहाल कर दिया गया। मार्ग बहाल होने के बाद पूह काजा की ओर वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई।
गौर हो कि किन्नौर जिले के पांगी नाला के पास मंगलवार देर शाम को पहाड़ी से चट्टानें गिरने के कारण एनएच पांच यातायात के लिए बाधित हो गया। मार्ग बाधित होने के कारण रिकांगपिओ और रामपुर की ओर से पूह काजा जाने वाले वाहनों के पहिये थम गए। मार्ग बाधित होने से शिमला, रामपुर, ज्यूरी, मंडी, रिवालसर, धर्मशाला सहित अन्य क्षेत्रों से पूह काजा की ओर जाने वाले वाहन चालकों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ीं। कई लोगों ने वाहनों में ही रात गुजारी, जबकि कुछ लोग टापरी स्थित क्वारंटीन रूम में रहे। हालांकि कर्फ्यू लगा होने के चलते वाहनों की आवाजाही काफी कम रही। सूचना मिलने के बाद सीमा सड़क संगठन बुधवार सुबह एनएच को बहाल करने में जुट गया। करीब आठ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद एनएच को यातायात के लिए बहाल कर दिया।
सीमा सड़क संगठन के ओसी किन्नौर डिके राघव ने बताया कि करीब आठ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद एनएच को यातायात के लिए बहाल कर दिया गया है। चार मशीनों और एक दर्जन से अधिक मजदूरों ने मार्ग को बहाल किया।