रामपुर बुशहर। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर अनुजा सूद की अदालत ने शुक्रवार को चिट्टा रखने और बेचने के आरोप सिद्ध होने पर दोषी को 3 साल के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना राशि अदा न करने की सूरत में दोषी को 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
नशे के तस्कर के खिलाफ शुक्रवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश किन्नौर स्थित रामपुर की अदालत ने आरोपी सीता राम (47) गांव ओडा धारटू डाकघर पोशना, तहसील निरमंड, जिला कुल्लू को चिट्टा रखने और बेचने के आरोप में 3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। पुलिस थाना निरमंड में दर्ज मामले के अनुसार 28 जुलाई 2017 में पुलिस थाना प्रभारी धर्म सिंह की अगुवाई में पुलिस की टीम ओडा धारटू के समीप सड़क पर गश्त कर रही थी। इस दौरान पुलिस को देखकर सीता राम और उसका एक साथी घबरा गया और मौके से भागने का प्रयास किया। पुलिस ने शक के आधार पर सीता राम के हाथ में मौजूद बैग को पकड़ा। तलाशी के दौरान बैग से सफेद रंग का पदार्थ चिट्टा बरामद हुआ, जिसका भार मापने पर 10.30 ग्राम पाया गया। इसके अलावा पुलिस की टीम ने थैले से 31 हजार 800 रुपये और भार मापने की मशीन बरामद की। पुलिस ने सीता राम और उसके साथ योगराज को गिरफ्तार किया। इस मामले की छानबीन थाना प्रभारी ब्रौ धर्म सिंह की अध्यक्षता में की गई और मामले का चालान तैयार कर कोर्ट में पेश किया गया। इस मामले में कुल 8 गवाहों के साक्ष्य रिकॉर्ड किए गए। साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद योगराज को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। आरोपी सीता राम पर आरोप सिद्ध होने पर अदालत ने उसे 3 साल का कठोर कारावास और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। सरकार की ओर से इस मामले की पैरवी अतिरिक्त जिला न्यायवादी किन्नौर स्थित रामपुर कमल चंदेल ने की।