. किसान सभा के राज्य सम्मेलन में राकेश सिंघा अध्यक्ष और महेंद्र राणा महासचिव निर्वाचित
. नौ जिलों के 152 प्रतिनिधियों ने लिया भाग, विभिन्न मुद्दों पर किया मंथन
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर।
हिमाचल किसान सभा का राज्य सम्मेलन बुधवार को किसान मजदूर भवन चाटी में संपन्न हुआ। सम्मेलन में प्रदेश के नौ जिलों से 152 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इसमें आगामी तीन वर्षों के लिए 45 सदस्यीय नई राज्य कमेटी का गठन किया गया। राकेश सिंघा को राज्य अध्यक्ष और महेंद्र राणा को महासचिव चुना गया। सम्मेलन में अखिल भारतीय किसान सभा के अध्यक्ष डॉ. अशोक धवले ने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों के कारण खेती घाटे का सौदा बनती जा रही है। कृषि लागत बढ़ने से उत्पादन महंगा हो रहा है, जबकि किसानों की आय घट रही है। उन्होंने कहा कि इसके चलते किसान आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। डॉ. धवले ने अमेरिका और न्यूजीलैंड के साथ व्यापारिक समझौतों, खाद्य वस्तुओं, चीनी, रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों पर भी चिंता जताई। उन्होंने मनरेगा का नाम बदलने की आलोचना करते हुए कहा कि इससे ग्रामीण रोजगार पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने ऑनलाइन हाजिरी में आ रही दिक्कतों का भी उल्लेख किया। किसान सभा के राज्य महासचिव राकेश सिंघा ने पिछले तीन वर्षों की राजनीतिक और संगठनात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने प्रदेश की राजनीतिक परिस्थितियों और हिमाचल में संगठन की स्थिति पर विस्तार से बात रखी। रिपोर्ट पर विभिन्न जिलों के 20 प्रतिनिधियों ने चर्चा में भाग लिया। सम्मेलन में सात प्रस्ताव भी प्रस्तुत किए गए, जिन्हें सर्वसम्मति से पारित किया गया। संगठन ने आने वाले समय में किसान सभा को मजबूत करने और जनहित के मुद्दों पर आंदोलन तेज करने का संकल्प लिया। सम्मेलन को अखिल भारतीय किसान सभा के उपाध्यक्ष इंद्रजीत सिंह और सचिव पुष्पेंद्र त्यागी ने भी संबोधित किया।
वहीं, आगामी तीन वर्षों के लिए गठित नई कमेटी में राम सिंह को कोषाध्यक्ष चुना गया। कुशाल भारद्वाज, नारायण चौहान, राजेंद्र ठाकुर और प्रेम चौहान को उपाध्यक्ष बनाया गया। जबकि देवकी नंद, गीता राम, भूपेंद्र, शकुनि राम और रणजीत को सहसचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। कृष्णा राणा, सरोजनी, कमलेश, रीता देवी, सपना, मिलाप नेगी, संजय, राजीव, दिलीप, जगमेल, सुभाष, करतार, राम लाल, धनी राम, मोती राम, जय सिंह, सुंदर जिष्टू, नीतीश, रणजीत, रमन, नरेंद्र और बिहारी लाल सहित अन्य सदस्यों को भी शामिल किया गया।