अमर उजाला ब्यूरो
ज्यूरी (रामपुर बुशहर)।
रामपुर उपमंडल में राजस्व विभाग के पास स्टाफ का टोटा है। इतना ही नहीं चार पटवार सर्किलों में तो एक भी पटवारी नहीं है। पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के गृह जिले में पटवारियों की कमी से लोगों की परेशानी झेलनी पड़ रही है। रामपुर तहसील के 22 पटवार सर्किल को संभालने के लिए सरकार ने मात्र सात पटवारियों के पद भरे हैं। इससे रामपुर की जनता को राजस्व कार्यों के लिए भटकना पड़ता है।
ज्यूरी, सराहन, शाहधार और किन्नू पटवार सर्किल के हालात सबसे ज्यादा खराब हैं। इन चार पटवार सर्किलों को संभालने वाले पटवारी का भी प्रमोशन हो गया है। उसकी जगह नया पटवारी नहीं भेजा गया है। इन चारों पटवार सर्किलों में राजस्व संबंधी अधिक कार्य होते हैं। उपमंडल के सुंदर खोजान, जोगिंद्र नेगी, देवी लाल, विजय सिंह, ओम प्रकाश, नारायण, राज कुमार, हीरा सिंह, वेद प्रकाश, चंद्रकांत, हेमराज, देवेंद्र, जीवन सिंह, पन्ना लाल और प्रेम का कहना है कि पटवारी के पद खाली होने से लोगों को छोटे-छोटे कार्यों को करवाने में मुश्किल हो रही है। उधर, रामपुर के तहसीलदार विपिन ठाकुर ने बताया कि रामपुर के 22 पटवार सर्किल को मात्र सात पटवारी ही संभाल रहे हैं। इस वजह से लोगों के काम प्रभावित हो रहे हैं। पटवारियों की कमी से उच्चाधिकारियों को समय-समय पर अवगत करवाया जा रहा है।