अमर उजाला ब्यूरो
दलाश (कुल्लू)।
दलाश में बहुतकनीकी कॉलेज की अधिसूचना रद्द करने पर लोग भड़क गए हैं। लोगों में सरकार के प्रति रोष है। इसके चलते मंगलवार को क्षेत्र के लोग सड़कों पर उतरे। क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, महिला, युवक और व्यापार मंडल के साथ-साथ विभिन्न सामाजिक संगठनों ने दलाश बाजार को करीब दो घंटे बंद रख कर प्रदर्शन किया।
सैकड़ों ग्रामीणों ने विश्राम गृह से बाजार होते हुए मेला ग्राउंड तक रैली निकाली और सरकार से जल्द बहुतकनीकी कॉलेज की बहाल की मांग उठाई। इतना ही नहीं ग्रामीणों ने इस कॉलेज को बहाल करने के लिए 51 सदस्यीय सिरीगढ़ विकास संघर्ष समिति का भी गठन कर लिया है, जो जल्द ही रणनीति तैयार कर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से मिलेगी और कॉलेज बहाल करने की मांग रखेगी। रैली में पांच पंचायतों दलाश, व्यूंगल, डिंगीधार, तलुणा, जाबन के सैकड़ों ग्रामीण, युवा, महिलाओं और पुरुषों ने भाग लिया। समिति की बैठक नौ अप्रैल को विश्राम गृह दलाश में आयोजित होगी। इसमें आगामी रणनीति तैयार की जाएगी। समिति के सदस्यों का एक प्रतिनिधिमंडल से मिलेगा।
समिति में ये लोग किए शामिल
संघर्ष समिति में मुकेश शर्मा, जंगी लाल नेगी, सोहनी राठी, अनिल आर्य, हरविंद्र शर्मा, बंसी लाल, लोकेंद्र लोकी, प्रताप ठाकुर, गीता राम, कैलाश, अंकुर, अतुल, रामकृष्ण, सतीश, टिकम, नरेश, श्याम, देवराज, रणवीर, गोपाल, मेहर चंद, प्रकाश, महेंद्र, संदेश शर्मा, सतीश को शामिल किया है। साथ ही प्रकाश, टिकम, गोपाल, सुरजीत, अर्जुन, सुरजीत, देवराज चौहान, कुलदीप नेगी, प्रवीण, राजेंद्र, गोयला, विरमा, उर्मिला, रैनु, शकुंतला, अनु, शीला, बबीता, ममता, तनू, पुष्पा, रंजना लीला, मीना, दयावती, उषा, कृष्णा, बबीता को सदस्य चुना गया है।