कंपनी प्रबंधन पर लगाए मनमानी के आरोप
सीटू से संबंधित गौतमी हाइड्रो प्रोजेक्ट वर्कर्स यूनियन की बैठक में उठा मुद्दा
कहा-आंध्रा स्टेज-2 प्रोजेक्ट में ठप पड़ा बिजली उत्पादन फिर हो शुरू
अमर उजाला ब्यूरो
रोहड़ू। सीटू से संबंधित गौतमी हाइड्रो प्रोजेक्ट वर्कर्स यूनियन की बैठक में गौतमी कंपनी की ओर से आंध्रा स्टेज-2 में बिजली उत्पादन का कार्य एक वर्ष से बंद रखने पर चिंता व्यक्त की गई। वहीं मजदूरों को बकाया वेतन का भुगतान न करने पर रोष व्यक्त किया गया। वीरवार को रोहड़ू में आयोजित बैठक की अध्यक्षता यूनियन के प्रधान गलोबर सिंह ने की।
यूनियन के महासचिव सुनील कुमार ने बताया कि गौतमी कंपनी ने आंध्रा स्टेज-2 में 21 दिसंबर 2018 से बिजली उत्पादन का कार्य बंद किया हुआ है। प्रोजेक्ट में कार्यरत मजदूरों को उनका बकाया वेतन का भुगतान भी नहीं किया जा रहा है। कंपनी प्रबंधन ने वर्ष 2005 से वर्ष 2009 तक मजदूरों का ईपीएफ फंड तक जमा नहीं करवाया है। इसलिए कंपनी प्रबंधन पर ईपीएफओ की ओर से भी सख्त कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। कंपनी प्रबंधन पूरी तरह से अपनी मनमानी कर रहा है। जिस कारण प्रोजेक्ट में कार्यरत मजदूरों को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में एसडीएम रोहड़ू को भी अवगत करवाया गया। इसलिए मजदूरों की मांग है कि प्रोजेक्ट में बिजली उत्पादन का कार्य फिर से शुरू करवाया जाए। नियमों को ताक पर रखकर बिजली उत्पादन बंद करने वाली कंपनी पर सख्त कार्रवाही की जाए। इस मौके पर राज मेहता, कलम सिंह, पवन शर्मा, महेंद्र सिंह, राजवंत माक्टा, देविंद्र सिंह, नरेंद्र शर्मा, त्रिलोक कुमार, राजकुमार और रमन कुमार आदि मौजूद रहे।