रामपुर बुशहर। राजपुरा परियोजना निर्माण में जुटी कंपनी बिना अनुमति नियमों को ताक पर रखकर परियोजना में निर्माण कार्य कर रही है। इस संबंध में न तो स्थानीय प्रशासन और न ही वन विभाग कोई कदम उठा रहा है। हाल ही में परियोजना निर्माण की जांच के लिए गई टीम ने करीब आठ बीघा वन भूमि पर कंपनी की ओर से अवैध कब्जा साबित किया है। अभी पावर हाउस साइट पर निशानदेही होना बाकी है। वहीं लालसा पंचायत स्थित माता मंगला काली की जमीन पर भी कंपनी धड़ल्ले से कार्य कर रही है, जिसको लेकर मंदिर कमेटी ने कोर्ट जाने का फैसला लिया है।
रामपुर उपमंडल की भड़ावली और तकलेच पंचायत में निर्माणाधीन 9.9 मेगावाट राजपुरा हाईड्रो परियोजना निर्माण की जांच करने गई टीम ने करीब आठ बीघा वन भूमि पर अवैध रूप से कार्य करने का खुलासा किया है। बिना एफसीए मंजूरी के कंपनी धड़ल्ले से कार्य करती रही, जिस पर विभाग और प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर पाया है। जांच के दौरान इस जमीन पर बीयर साइट, टनल, ओपन चैनल, डंपिंग साइट, क्रशर और लेबर के ढारे बनाए हुए हैं। परियोजना निर्माण के लिए इस्तेमाल की जा रही सड़क का 80 प्रतिशत हिस्सा भी वन भूमि के तहत आता है, जिसकी मंजूरी विभाग से नहीं ली गई है। कंपनी ने बिना अनुमति लोक निर्माण विभाग की सड़क के साथ ओपन चैनल का कार्य चलाया। न ओपन चैनल की अनुमति और न ही लोक निर्माण विभाग से इस संबंध में कोई एनओसी ली गई।
भड़ावली पंचायत उपप्रधान दिनेश खमराल, तकलेच पंचायत उप प्रधान कृष्ण मजटू, मंगला काली माता मंदिर कमेटी उपाध्यक्ष पूज्य देव शर्मा, अनिरुद्ध सिंह बिष्ट, अजय कौशल, सतीश चाई, हंसराज शड़ेल, राजेश चौहान, अनिल चौहान, दुर्गा सिंह ठाकुर और हुकम नेगी सहित अन्य ग्रामीणों के अनुसार कंपनी नियम दरकिनार कर कार्य कर रही है। इसीलिए अब कंपनी के खिलाफ कोर्ट में जाने का फैसला लिया है।
लोक निर्माण विभाग रामपुर के अधिशासी अभियंता एसके सोबती ने बताया कि इस कार्य के बारे में उन्हें शिकायत मिली है। विभाग की सड़क को कोई क्षति पहुंचे इससे पहले कार्य बंद करवा दिया जाएगा। ओपन चैनल बनाने को लेकर कंपनी ने कोई एनओसी नहीं ली है। विभाग के एसडीओ और टीम को मौके पर भेजा गया है। वहीं वन विभाग रामपुर के डीएफओ अशोक नेगी ने बताया कि जांच टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। परियोजना क्षेत्र में निशानदेही करना अभी बाकी है। रिपोर्ट आने के बाद ही अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।