रामपुर/सांगला(किन्नौर)। जनजातीय जिला किन्नौर में रविवार को मौसम में हुए फेरबदल के बाद बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है। वहीं, रामपुर और आसपास के क्षेत्रों में भी दोपहर बाद झमाझम बारिश का क्रम जारी रहा। रविवार दोपहर बाद जनजातीय जिला किन्नौर की ऊंची चोटियों में हल्का हिमपात हुआ, जबकि जिले के निचले क्षेत्रों में खराब मौसम के चलते दिन भर तेज हवाएं चलती रहीं। एक माह पूर्व से शुरू हुए बर्फबारी के क्रम के बाद जिले में जनजीवन पटरी पर नहीं लौटा है। जिले में कंपकंपाती ठंड में विद्युत के अघोषित कट और पेयजल लाइनों के जमने से ग्रामीण परेशानियां झेलने को मजबूर हैं।
रविवार को बिगड़े मौसम के मिजाज के चलते जनजातीय जिला किन्नौर, शिमला और कुल्लू जिले के आऊटर सिराज की ऊंची चोटियों में बर्फबारी हुई, जबकि निचले इलाकों में दोपहर तक मौसम खराब बना रहा और दोपहर बाद झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया। रविवार को जिला मुख्यालय रिकांगपिओ सहित कल्पा, रोघी, पांगी, दुन्नी, बारंग, रल्ली, पूनंग, चगांव, यूला, मीरू, उरनी, रामनी, जानी, पानवी, तरांडा, छोटा कंबा, बड़ा कंबा, नाथपा, भावावैली के कटगांव, काफनू और यांगपा, सापनी, कनई, बटूरी, शौंग, चांसू, सांगला, बटसेरी, रक्षम, छितकुल, रिब्बा, रिस्पा, खादरा, आकपा, रारंग, मूरंग, ठंगी, लंबर, कुन्नोचारंग, पूह, आसरंग, लिप्पा, नेसंग, लियो, हांगो, चांगो, रोपावैली, यंगथंग, हांगो, चुलिंग, सुमरा, शलखर सहित अधिकांश ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी होती रही। वहीं रामपुर, ज्यूरी, झाकड़ी, निरमंड, आनी और 15/20 क्षेत्र में झमाझम बारिश हुई। बर्फबारी और बारिश से क्षेत्र में ठंड काफी बढ़ गई है। किन्नौर जिले के लिप्पा आसरंग, नेसंग, ठंगी कुन्नोचारंग, हांगो, पौंडा बरी, सांगला छितकुल और शौंगटोंग बारंग सडक़े अभी भी यातायात के लिए बहाल नहीं हो पाई है।
लोक निर्माण विभाग कल्पा के एक्सईएन वीरेंद्र सिंह गुलेरिया और एक्सईएन भावानगर आरएल चौहान ने कहा कि बाधित मार्गों को जल्द यातायात के लिए बहाल कर दिया जाएगा। विभाग ने बाधित मार्गों को बहाल करने के लिए मशीनें और मजदूर तैनात किए हैं।