रामपुर बुशहर। बीते दिनों हुई बर्फबारी के मुकाबले वीरवार रात से शुक्रवार सुबह तक अधिक बर्फबारी दर्ज की गई है। रामपुर और आनी उपमंडल के 27 रूटों पर परिवहन निगम की बसें फंस गई हैं, जिसके चलते यातायात व्यवस्था सबसे अधिक प्रभावित हुई है। ग्रामीण इलाकों में शीतलहर का प्रकोप पहले की अपेक्षा काफी अधिक बढ़ गया है। वहीं प्रशासन और लोक निर्माण विभाग बाधित मार्गों को बहाल करने में जुटे हुए हैं। दुर्गम इलाकों में पेयजल लाइनें जमने के कारण पेयजल आपूर्ति ठप हो गई है, जबकि कई इलाकों में वीरवार रात से विद्युत आपूर्ति गुल है।
वीरवार रात रामपुर और कुल्लू जिले के आउटर सिराज क्षेत्र के ऊंचाई और कम ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का क्रम शुरू हो गया। यह सिलसिला शुक्रवार सुबह तक जारी रहा। रामपुर के साथ लगती रचोली पंचायत में भी हिमपात हुआ। वहीं क्षेत्र के काशापाट, नरैण बाहली, दलोग, देवठी, कूहल सहित 15/20 क्षेत्र में 30 से 45 सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात हुआ है। भारी बर्फबारी के कारण रामपुर परिवहन निगम की 18 बसें ग्रामीण रूटों में फंस गई हैं, जबकि आनी के 9 रूटों पर निगम की बसें फंसने यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। शुक्रवार को एनएच पांच नारकंडा और एनएच 305 जलोड़ी जोत में बाधित रहा।
रामपुर उपमंडल के देवठी, डोबी, सराहन, झिझणू, शोली, प्रेमनगर, सराहर, कोटगढ़, कुरनू, बेवट, खोलीघाट, लबाना, करेरी, बांदल, उरटू, लालसा, कराली और किन्फी क्याव रूट पर निगम की बसें फंसी हैं। वहीं आनी उपमंडल के जाबो, कोटी, फरबोग, चवाई, बिशल और दलाश रूट में निगम की बसें फंसने से ग्रामीण परेशानियां झेलने को मजबूर हैं। वहीं इससे निगम प्रबंधन को भी खासा आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है।
वहीं उपमंडल के एक दर्जन से से अधिक रूट प्रभावित हुए हैं, जिन पर आधे रास्ते तक ही बसों को भेजा जा रहा है। क्षेत्र के अधिकांश दुर्गम इलाकों में वीरवार रात से बिजली और पेयजल आपूर्ति भी ठप पड़ी है। ग्रामीण इलाकों में बर्फबारी से जहां विद्युत लाइनें क्षतिग्रस्त हुई हैं, वहीं पेयजल लाइनों के जमने से पेयजल आपूर्ति भी ठप पड़ी है। संबंधित विभाग क्षेत्र में बर्फबारी से निपटने में जुटे हुए हैं।
एसडीएम रामपुर नरेंद्र चौहान ने बताया कि बर्फबारी से एनएच पांच सहित क्षेत्र की कई ग्रामीण सड़कें बंद पड़ी हैं। लोक निर्माण विभाग सड़कों को बहाल करने में जुटा हुआ है। बिजली और पेयजल समस्या के निवारण को लेकर संबंधित विभागों को व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए गए हैं।