हिमाचल में प्रति व्यक्ति आय में करीब साढ़े दस हजार रुपये की बढ़ोतरी हुई है। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने शुक्रवार को विधानसभा में आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट पेश की। रिपोर्र्ट में दावा किया गया है कि साल 2015-16 में प्रति व्यक्ति आय 1,30,067 रुपये रहने की संभावना है।
पिछले साल की अपेक्षा प्रति व्यक्ति आय करीब आठ फीसदी बढ़ी है। साल 2014-15 में प्रति व्यक्ति आय 1,19,720 रुपये थी। रिपोर्ट के अनुसार चालू वित्तीय वर्ष में राज्य की अर्थव्यवस्था में 7.7 प्रतिशत विकास दर रहने का अनुमान है। मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को विधानसभा के बजट सत्र में साल 2015-16 का आर्थिक सर्वेक्षण प्रस्तुत किया।
अर्थ एवं सांख्यिकी विभाग की ओर से तैयार सर्वेक्षण के अनुसार वित्तीय वर्ष 2015-16 में राज्य की अर्थव्यवस्था में 7.7 प्रतिशत विकास दर का अनुमान है। प्रति व्यक्ति आय 1,30,067 आंकी गई है। इसके अलावा राज्य का सकल घरेलू उत्पाद वर्ष 2015-16 में 1,10,511 करोड़ होने की संभावना है। सर्वेक्षण के अनुसार 11वीं पंचवर्षीय योजना 2007-12 में देश तथा प्रदेश की विकास दर 8.0 प्रतिशत रही।
दिसंबर 2015 के दौरान राष्ट्रीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के 6.3 प्रतिशत की वृद्धि की तुलना में प्रदेश में वृद्धि 6.2 प्रतिशत रही। प्रदेश में 18,27,900 राशन कार्ड धारकों को 4,856 उचित मूल्य की दुकानों से आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं। सामाजिक सुरक्षा योजना में 60 वर्ष से ऊपर लेकिन 80 वर्ष से कम व्यक्तियों के लिए जिनकी वार्षिक आय 35,000 से कम है, को 600 रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है। 80 वर्ष से ऊपर के व्यक्तियों को 1,100 रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है।
सितंबर, 2015 तक 6.37 लाख किसान क्रेडिट कार्ड बांटे
मुख्यमंत्री ने कहा कि सकल राज्य घरेलू उत्पाद में कृषि क्षेत्र का भाग लगभग 10 प्रतिशत है। सितंबर, 2015 तक प्रदेश में 6.37 लाख किसान क्रेडिट कार्ड वितरित किए गए। खाद्यान्नों के उत्पादन के मामले में वर्ष 2015-16 में 16.20 लाख मीट्रिक टन उत्पादन होने की संभावना है। वर्ष 2013-14 मेें खाद्यान्नों का उत्पादन 15.85 लाख मीट्रिक टन की तुलना में वर्ष 2014-15 में 16.74 लाख मीट्रिक टन रहा था।
वहीं, 2015-16 (दिसंबर, 2015 तक) में प्रदेश में 8.19 लाख टन फल उत्पादन हुआ, जो वर्ष 2014-15 में 7.52 लाख टन आंका गया था। खास बात यह है कि कुल फल उत्पादन में से सेब का भाग लगभग 85 प्रतिशत रहा है। साल 2015-16 में 7.55 लाख टन सेब का उत्पादन हुआ, जबकि वर्ष 2014-15 में सेब का उत्पादन 6.25 लाख टन था। इसके अलावा फसल बीमा योजना के अंतर्गत अनुदान राशि बढ़ा दी गई है तथा 3,48,294 लघु तथा सीमांत किसानों को कवर किया गया है।