23 को उपायुक्त को सौंपेंगे ज्ञापन
नारला में वैष्णो माता मंदिर परिसर में प्रभावितों ने बैठक में की चर्चा
संवाद न्यूज एजेंसी
पधर (मंडी)। नारला से मंडी तक बने नए फोरलेन की डीपीआर में जन समस्याओं का सही तरीके से उल्लेख न होने और स्थायी समाधान नहीं मिलने से नाराज ग्रामीणों ने रविवार को वैष्णो माता मंदिर नारला के प्रांगण में बैठक आयोजित की। बैठक में ग्रामीणों ने नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों के समक्ष फोरलेन निर्माण से जुड़ी समस्याएं रखीं। किसानों ने नारला, कुन्नू, माणा और साहल क्षेत्र की पुरानी सिंचाई कूहलों के पुनर्निर्माण का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात के मौसम में कूहलों के क्षतिग्रस्त होने से धान की रोपाई का कार्य बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
पुराने कस्बों में राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे बस स्टॉप की सुविधा उपलब्ध थी, लेकिन नए फोरलेन पर चैनेज प्वाइंट 162 मोहड़धार, 163 कुन्नू और 165 माणा में निर्माण कंपनी ने वर्षा शालिकाओं का निर्माण नहीं किया है। वहीं, नारला में बने मोक्षधाम और सराय भी फोरलेन निर्माण की जद में आकर ध्वस्त हो चुके हैं। इनके पुनर्निर्माण के लिए निर्धारित धनराशि सरकारी कोष में जमा होने के बावजूद कार्य शुरू नहीं हुआ है।
बैठक में बताया गया कि नारला, जुंढर, कुन्नू, लोअर कुन्नू, गदयाड़ा और माणा गांवों की सिंचाई कूहलें निर्माण कार्य के दौरान तोड़ दी गईं, लेकिन जीरो प्वाइंट पर उनका पुनर्निर्माण नहीं किया गया। इसके अलावा फोरलेन के किनारे स्थित नारला, सल्हाणा, जुंढर, मोहड़धार, सीह, भटेहड़, लोअर साहल, घड़ोपा, माणा और अप्पर माणा गांवों को जोड़ने वाले पुराने रास्ते भी बंद पड़े हैं।
ग्रामीणों ने कुन्नू बाजार को दोनों ओर से फोरलेन के चैनेज नंबर 163 से मिलने वाली कनेक्टिविटी बंद किए जाने पर भी रोष जताया। उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय लोगों और व्यापारियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बैठक में वैष्णो माता मंदिर नारला पुल की स्थिति पर भी चिंता जताई गई। ग्रामीणों ने बताया कि नए फोरलेन पर अन्य पुलों से यातायात बहाल कर दिया गया है, लेकिन इस पुल के दोनों किनारों पर दरारें आ गई हैं। जमीन धंसने के कारण पुल को खतरा बना हुआ है। निर्णय लिया गया कि फोरलेन निर्माण से प्रभावित लोगों की सभी समस्याओं को लेकर 23 जून को उपायुक्त मंडी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। पंचायत समिति के पूर्व उपाध्यक्ष परम देव ने प्रभावित लोगों से इस दिन मंडी पहुंचकर अपनी मांगों के समर्थन में भाग लेने का आह्वान किया। बैठक में जिला परिषद सदस्य चंपा ठाकुर सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।