ऐतिहासिक विक्टोरिया पुल की लाइफ बढ़ाने के लिए कवायद शुरू हो गई है। रियासतकाल में बने विक्टोरिया पुल के बोझ को कम करने के लिए इसकी फ्लोरिंग बदली जाएगी। ऐतिहासिक पुल की फ्लोरिंग मिलिट्री पुल की तर्ज पर की जाएगी। पुल में अब तारकोल की जगह लोहे की प्लेटें लगाई जाएंगी।
पुल के भार को कम करने के लिए लोक निर्माण विभाग ने योजना बनाई है। वर्तमान में 138 वर्ष पुराने विक्टोरिया पुल जर्जर हो चुका है। उचित रखरखाव के अभाव में भी पुल की स्थिति दिनों-दिन खराब होती जा रही है। पुल से गिर रहे पत्थर और शहतीर हादसों को न्योता दे रहे हैं, लेकिन अब जल्द ही पुल की कायाकल्प होगी। इसके लिए लोक निर्माण विभाग की ओर से करीब 12 लाख रुपये का एस्टीमेट तैयार किया है। वर्तमान में पुल की फ्लोरिंग में तारकोल बिछा हुआ है। जिससे पुल पर अधिक भार बना हुआ है।
पुल की नींव पर बोझ कम करने के उद्देश्य से फ्लोर पर बिछाए गए तारकोल को उखाड़ा जाएगा। इसकी जगह लोहे की प्लेटें लगाई जाएंगी। इधर, लोक निर्माण विभाग मंडी डिवीजन दो के अधिशाषी अभियंता डीसी यादव ने बताया कि विक्टोरिया पुल की फ्लोरिंग को बदलने की योजना है। इसके लिए करीब 12 लाख रुपये का एस्टीमेट तैयार किया गया है। पुल की फ्लोरिंग को बदलकर वजन कम किया जाएगा।