जोगिंद्रनगर शहर में बारिश होने पर सड़क पर हुए जलभराव के बीच से गुजरते वाहन। संवाद
मच्छयाल-भराडू, ब्यूंह, ऐहजू-बसाही सड़क और चीहर-बसाही में यातायात प्रभावित रहा
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। उपमंडल में मंगलवार को हुई तेज बारिश और भूस्खलन से शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक जलभराव हुआ है। सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं। इससे जनजीवन प्रभावित रहा। मुख्य बाजार की सड़कें पानी से लबालब रहीं।
पुलिस थाना चौक, साईं बाजार, पठानकोट चौक और रेलवे स्टेशन चौक में जलभराव होने से हाईवे किनारे स्थित दुकानों को नुकसान पहुंचा। रेलवे क्रॉसिंग से गरोडू, मसौली और भट्ठा तक वाहनों की आवाजाही धीमी रही। सुबह छह बजे से दोपहर तक हुई बारिश के दौरान मच्छयाल-भराडू मार्ग पर भूस्खलन से करीब एक घंटे यातायात बंद रहा। इसी मार्ग पर पेड़ गिरा है। ऐहजू-बसाही मार्ग सहित बसाही, चीहर, लडभड़ोल और चौंतड़ा क्षेत्र की सड़कों पर भी मलबा और पानी जमा रहा। भराडू पंचायत में उफनते नाले ने गोसदन की सुरक्षा दीवार को क्षतिग्रस्त कर दिया, जिससे भवन पर खतरा मंडरा रहा है। नौहली क्षेत्र में सड़कें कीचड़ से भर गईं, जबकि किसानों की उपजाऊ भूमि और रिहायशी इलाकों में भी नुकसान हुआ। एसडीएम जोगिंद्रनगर मनीष चौधरी ने बताया कि नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
गुराला में पहाड़ी धंसने से घंटों प्रभावित रहा यातायात
लगातार बारिश के चलते चौहारघाटी में भी भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई हैं। घटासनी-बरोट मार्ग पर देवता ढांक के समीप चट्टानें गिरने से मंगलवार सुबह करीब दो घंटे यातायात बाधित रहा। बरोट से चार किलोमीटर पहले गुराला के पास पहाड़ी धंसने से भी सड़क पर मलबा आ गया, जिससे कई वाहन फंस गए। एसडीएम पधर सुरजीत ने बताया कि देवता ढांक के पास गिरी चट्टानों को सुबह नौ बजे से पहले हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया था। वहीं, गुराला के पास मलबा हटाने का कार्य देर शाम तक जारी रहा।