पुरानी डीपीआर लागू नहीं हुई तो हाईकोर्ट जाएंगे ग्रामीण
घट्टा से पधर तक प्रस्तावित फोरलेन का निर्माण कार्य शुरू न होने से लोग नाराज
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। मंडी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर घट्टा से पधर तक प्रस्तावित फोरलेन निर्माण कार्य शुरू न होने से नाराज क्षेत्रवासियों ने रविवार को गलू मेला मैदान में धरना-प्रदर्शन किया। जोगिंद्रनगर और पधर उपमंडलों की करीब 39 पंचायतों के लोगों ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि वर्ष 2016-17 में तैयार डीपीआर के अनुसार कार्य शुरू नहीं किया गया तो प्रदेश हाईकोर्ट में याचिका दायर की जाएगी।
फोरलेन संघर्ष समिति के अध्यक्ष बृज गोपाल अवस्थी ने कहा कि वर्ष 2016-17 में तैयार डीपीआर को लागू करने के बजाय एनएचएआई नई डीपीआर तैयार करने की प्रक्रिया में जुटा है। उन्होंने कहा कि पुरानी योजना के तहत घट्टा से ऐहजू, चौंतड़ा, जोगिंद्रनगर बाईपास, शानन, हराबाग, गुम्मा और घटासनी तक फोरलेन निर्माण प्रस्तावित था, लेकिन नई योजना से हजारों लोगों के हित प्रभावित होंगे।
सभा में लोक निर्माण विभाग के सेवानिवृत्त अधिकारी उत्तम सिंह और राजस्व विभाग के सेवानिवृत्त नायब तहसीलदार शरद सिंह ने कहा कि यदि पुरानी अलाइनमेंट में बदलाव किया गया तो संघर्ष समिति न्यायालय का रुख करेगी। उन्होंने कहा कि नारला से बिजनी तक हाईवे चौड़ीकरण का कार्य पूरा हो चुका है, जबकि घट्टा से पधर तक करीब 37 वर्ष पुरानी सड़क अभी भी अलाइनमेंट विवाद में उलझी हुई है। हारगुनैंण पंचायत के प्रधान मुकेश ने कहा कि वर्ष 2018 में एनएचएआई के अधीन आने के बावजूद सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण इस मार्ग के सुधार और फोरलेन निर्माण को लगातार टाला जा रहा है। अब क्षेत्र की जनता इसे सहन नहीं करेगी।
सुबह 11 बजे से दोपहर एक बजे तक चले धरना-प्रदर्शन में कंधार, जिलहन, डलाह, लपास, उरला, तसवान, कलैहड़, सिलहबुधानी, रोपा, कथौण, रोपा पधर, बधेरी, हारगुनैंण, जिमजिमा, डोहग, योरा, ऐहजू, बदेहड़, गलू, ढेलू, मटरू, टिकरी मुशैहरा और पसल समेत 39 पंचायतों के लोगों ने भाग लिया। प्रदर्शनकारियों ने एक स्वर में मांग उठाई कि वर्ष 2016-17 की डीपीआर के अनुरूप घट्टा से पधर तक फोरलेन निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाए।