उमस भरी गर्मी में छूटे लोगों के पसीने, अस्पताल से लेकर कारोबार तक प्रभावित
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। जोगिंद्रनगर शहरी क्षेत्र और आसपास के ग्रामीण इलाकों में रविवार को करीब 8 घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रहने से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। चिलचिलाती धूप और उमस भरी गर्मी के बीच बिजली गुल रहने से जहां लोग बेहाल रहे, वहीं व्यापारिक गतिविधियां और कई सामाजिक आयोजनों की रौनक भी प्रभावित हुई। बिजली कटौती का सबसे अधिक असर ऑक्सीजन सपोर्ट पर चल रहे मरीजों और स्वास्थ्य केंद्रों पर पड़ा, जहां विद्युत आपूर्ति बाधित होने से उपचार व्यवस्था प्रभावित हुई। क्षेत्र के सबसे बड़े नागरिक अस्पताल में बिजली सेवाएं सुचारु रहीं।
रविवार सुबह करीब 11 बजे से मुख्य बाजार, मकड़ैना, गरोडू, समलोट, कूपड़, आरठी, सेरी और टटानका सहित अधिकांश क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई थी। कुछ वार्डों में दोपहर करीब 3:30 बजे के बाद बिजली बहाल हो गई, जबकि कई इलाकों के उपभोक्ताओं को शाम 5 बजे तक इंतजार करना पड़ा। विद्युत सब डिविजन-1 के कनिष्ठ अभियंता पारस ने बताया कि स्विचयार्ड और हाई वोल्टेज तारों की मरम्मत के लिए नियोजित शटडाउन लिया गया था। खराब मौसम के बावजूद विभागीय कर्मचारियों ने देर शाम तक कार्य पूरा कर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी।
विद्युत बोर्ड सब डिविजन-1, जोगिंद्रनगर के सहायक अभियंता रमेश सकलानी ने बताया कि मानसून सीजन में बिजली के करंट से होने वाले संभावित हादसों को रोकने और विद्युत व्यवस्था को सुरक्षित बनाए रखने के लिए यह रखरखाव कार्य आवश्यक था।