नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर में उपचार में देरी को लेकर आपस में उलझते मरीज। स्रोत जागरूक पाठक
जोगिंद्रनगर (मंडी)। स्थानीय नागरिक अस्पताल में उपचार में देरी पर मरीज आपस में उलझना शुरू हो गए। मरीजों की अधिक भीड़ से सोमवार को कुछ मरीजों की कहासुनी होने पर विवाद बढ़ता देख अस्पताल के सुरक्षा कर्मियों को भी हस्तक्षेप करना पड़ा। मेडिसिन ओपीडी में बुजुर्ग गंभीर मरीजों की कतारों में उपचार हासिल करने पर तीमारदारों ने नाराजगी जताई।
इस दौरान हृदय की गंभीर बीमारी से ग्रस्त एक महिला मरीज को सीने में दर्द के बावजूद ओपीडी के बाहर जब लंबा इंतजार करना पड़ा तो साथ आए तीमारदार बिफर गए। मरीजों की भीड़ के बीच दरवाजे में अपनी बारी का इंतजार कर रहे एक अन्य मरीज ने भी उपचार में देरी पर नाराजगी जाहिर की। सोमवार को अस्पताल की विभिन्न ओपीडी में मरीजों की अधिक भीड़ के बीच विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से ऐसी स्थिति दोपहर तक बनी रही। मरीजों को उपचार दिलाने के लिए तीन मुख्य ओपीडी में चिकित्सक तैनात थे, लेकिन अधिक भीड़ के कारण मरीजों को उपचार दिलाना भी चुनौती बना रहा। गायनी ओपीडी में ताला लटका देखकर गर्भवती महिलाएं सोमवार को फिर मायूस लौटीं। तीमारदार मुनीष, कमलेश, विवेक आदि ने बताया कि अव्यवस्था के बीच दिक्कतें पेश आ रही हैं।
पांच विशेषज्ञ चिकित्सकों के पद खाली होने से दिक्कतें पेश आ रही हैं। इसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग के उचाधिकारियों को दे दी है। अस्पताल में तैनात चिकित्सक हर बीमारी से ग्रस्त मरीजों को स्वास्थ्य लाभ दिलाने में 24 घंटे प्रयत्नशील है। -डाॅ. विकास नाथ, एसएमओ नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर