जोगिंद्रनगर (मंडी)। बरसात में अप्रिय घटना के अंदेशे को देखते हुए जिला प्रशासन ने राजस्व विभाग की बहुमंजिला इमारत गिराने के आदेश दिए हैं।
राजकीय महाविद्यालय के मुख्य द्वार पर राजस्व विभाग का खंडहर भवन नशेड़ियों का अड्डा बना हुआ है। यहां पर हादसे की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने इसे असुरक्षित घोषित कर तत्काल प्रभाव से गिराने के लोक निर्माण विभाग को आदेश जारी कर दिए हैं। इसके अलावा उपमंडल के 20 से अधिक सरकारी स्कूलों के भवनों को भी असुरक्षित घोषित कर उनको गिरानी की तैयारी शुरू कर दी है। उपमंडल में लगातार हो रही बारिश से इन भवनों के गिरने की आशंका बनी हुई है। इन्हें असुरक्षित घोषित कर जल्द गिरा दिया जाएगा।
जोगिंद्रनगर प्रशासन के अनुसार उपमंडल के असुरक्षित भवनों का निरीक्षण बीते कुछ माह से लगातार किया जा रहा था। राजकीय बाल पाठशाला के पुराने भवन को असुरक्षित घोषित करने के बाद प्राथमिक पाठशाला रोपड़ी के चार कमरे असुरक्षित घोषित कर दिए गए हैं। प्राथमिक पाठशाला भालारिहड़ा, भटेहड़, भजराला, दुल, द्रमण स्कूल के कुछ कमरे असुरक्षित घोषित किए हैं। महिला मंडल भवन लांगणा को असुरक्षित घोषित किया है।
इसके अलावा प्राथमिक पाठशाला सरी के अलावा करीब 20 पटवारखाने और कानूनगो भवन भी असुरक्षित घोषित किए हैं। प्राथमिक पाठशाला कलैहडू के चार कमरे, पपलोग और तुलाह के दो-दो कमरे, राजकीय पाठशाला घट्टा, वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के खुड्डी के कुछ कमरे और खजूर के कुछ कमरों को भी असुरक्षित घोषित किया है।
लडभड़ोल अस्पताल का पुराना भवन भी असुरक्षित
लडभड़ोल के अस्पताल के पुराने भवन को भी असुरक्षित घोषित कर उसे गिराने की प्रक्रिया प्रशासन ने शुरू की है। 24 पटवारखाने और एक कानूनगो भवन के अलावा राजकीय पाठशाला के 15 कमरे असुरक्षित घोषित कर दिए हैं। प्रशासन के द्वारा घोषित असुरक्षित भवनों में अब किसी भी प्रकार की गतिविधियां नहीं होगी। इन्हें जल्द ही गिरा दिया जाएगा।
बरसात में असुरक्षित भवनों को गिराने के आदेश प्रशासन ने जारी कर दिए हैं। असुरक्षित भवन घोषित कर यहां पर हर प्रकार की गतिविधियों को विराम लगा दिया गया है।
डॉ. मेजर विशाल शर्मा, एसडीएम जोगिंद्रनगर