कुम्मी स्कूल में एसएमसी ने बैठक में निर्णय पर जताया विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
बग्गी (मंडी)। प्रदेश सरकार के 25 विद्यार्थियों से कम संख्या वाले वरिष्ठ माध्यमिक पाठशालाओं को बंद करने के फरमान पर अभिभावक मुखर हो गए हैं। अभिभावकों का कहना है कि पंचायत में सरकारी कर्मचारियों के बच्चों को भी सरकारी स्कूलों में पढ़ाई करवाना अनिवार्य किया जाए। इसे लेकर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुम्मी में स्कूल प्रबंधन समिति की बैठक अध्यक्ष गोपी चंद की अध्यक्षता में हुई।
इसमें अभिभावकों ने सरकार की ओर से 25 विद्यार्थियों से कम संख्या वाले वरिष्ठ माध्यमिक पाठशालाओं को बंद करने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूल बंद हो जाएंगे तो गांव के गरीब लोग जो निजी स्कूल की फीस अदा करने में असमर्थ हैं, वे बच्चों को कहां पढ़ाएंगे। उन्होंने प्रदेश सरकार से आग्रह किया है कि सरकारी स्कूलों को बंद करने से पहले निजी स्कूलों के नियम सरकारी स्कूलों की तरह सख्त किए जाएं। गांव में निजी स्कूल खोलने से ही सरकारी स्कूलों की संख्या कम हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री से गुहार लगाई है कि सरकारी स्कूलों में गरीब परिवारों के बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते फैसले पर विचार किया जाए।
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