दो-दो कॉलोनियों की देखभाल के लिए प्रशासन के पास बजट नहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
सुंदरनगर (मंडी)। सुंदरनगर की सरकारी आवासीय कॉलोनियों और क्वार्टरों की हालत लगातार खराब होती जा रही है। वर्षों पुराने कई भवन जर्जर हो चुके हैं। दीवारों में दरारें, उखड़ता प्लास्टर, जंग लगी छतें और कमजोर नींव सुरक्षा के लिए खतरा बन गई हैं। बरसात में कई क्वार्टरों की छतें टपक रही हैं, दीवारों में सीलन और नमी के साथ प्लास्टर गिरने की घटनाएं भी सामने आ रही हैं। इससे कर्मचारियों और उनके परिवारों में हादसे का डर बना हुआ है।
सुंदरनगर की दो प्रमुख सरकारी आवासीय कॉलोनियों की मरम्मत वर्षों से बजट के अभाव में लंबित है। डेंटल कॉलेज के सामने स्थित रेवेन्यू कॉलोनी में 18 सेट हैं, जिनमें चार खाली पड़े हैं। ऊपरी मंजिल की हालत इतनी खराब है कि दीवारों में पेड़-पौधे तक उग आए हैं। वहीं, महामाया कॉलोनी के दो ब्लॉकों में से एक को अत्यधिक जर्जर होने के कारण खाली करा दिया गया है, क्योंकि उसका लेंटर गिरने की स्थिति में पहुंच चुका है। इन क्वार्टरों में एसडीएम कार्यालय और राजस्व विभाग के कर्मचारी रहते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि समय रहते भवनों का तकनीकी निरीक्षण, मरम्मत या पुनर्निर्माण नहीं कराया गया तो बड़ा हादसा हो सकता है।
कोट्स
दोनों कॉलोनियों की मरम्मत के लिए बजट की मांग की गई है। अभी तक स्वीकृति नहीं मिली है। बजट मिलते ही मरम्मत का कार्य शुरू कराया जाएगा। -अमर नेगी, एसडीएम, सुंदरनगर