संवाद न्यूज एजेंसी
धर्मपुर/सरकाघाट(मंडी)। कृषि विभाग धर्मपुर ने किसान उत्पादक सहकारी सभा और हिमाचल किसान सभा के सहयोग से मोटे अनाज की उपयोगिता और महत्व के बारे में आंबेडकर भवन सज्जाओपीपजू में किसान जागरूकता सम्मेलन का आयोजन किया।
इस अवसर पर मोटे अनाज की खेती के लिए पद्मश्री से सम्मानित नेक राम शर्मा विशेष तौर पर शामिल हुए। नेक राम शर्मा ने कहा कि किसान मोटे अनाज की खेती को अधिक से अधिक बढ़ावा दें। आज से तीस वर्ष पहले जंगल बचाने की मुहिम शुरुआत की थी। उसके बाद मोटे अनाज की खेती और बीजों का सरंक्षण शुरू किया। शुरुआत में इस काम को विभाग और सरकारों ने ज्यादा गंभीरता से नहीं लिया। आज जब पूरी दुनिया में मोटे अनाज के फायदों के बारे में अनुसंधान हुआ और ये बहुत ही उपयोगी साबित हुआ तब पूरी दुनिया में इसके बारे में जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।
उन्हाेंने कहा कि वर्ष 2023 को मोटे अनाज के वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। उन्होंने इसके बारे में जिस प्रकार धर्मपुर विकास खंड में कृषि विभाग, स्थानीय विधायक और किसान उत्पादक सहकारी संस्था ने मिलकर पहल की है वह सराहनीय है। यहां पर इसकी खेती बड़े पैमाने पर हो सकती है। इससे लोगों के स्वास्थ्य पर रसायनिक दवाओं के प्रयोग से पैदा की जा रही फ़सलों के दुष्प्रभाव से बचाया जा सकता है।
इस मौके पर विधायक चंद्रशेखर ने कहा कि धर्मपुर में मोटे अनाज और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए सभी विभागों को एक छत के नीचे लाया जाएगा। पंचायतों तथा किसानों के संगठनों, महिला मंडलों को इस कार्य में जोड़ा जाएगा। इसके लिए इसी सीजन में किसानों को बीज उपलब्ध करवाये जाएंगे और सभी क्षेत्रों में मोटे अनाज के क्लस्टर विकसित किए जाएंगे। इस मौके पर भूपेंद्र सिंह, कृषि विभाग के उपनिदेशक राजेश डोगरा, किसान सभा के खंड अध्यक्ष रणताज राणा आदि सहित पांच सौ से अधिक किसानों ने भाग लिया।