सुंदरनगर (मंडी)। 24 वर्षीय युवक की रोहतांग में रहस्यमय परिस्थितियों में हुई मौत के बाद शव को लावारिस करार देकर जलाने पर भड़के परिजनों और ग्रामीणों ने खूब हंगामा किया। सुंदरनगर के दो युवकों पर कत्ल का आरोप लगाते हुए मनाली पुलिस और बीएसएल पुलिस थाना पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया और कुछ देर के लिए चक्का जाम भी किया। दोपहर बाद तक हुए हंगामे के बाद पुलिस को आनन फानन में कत्ल और अगवा करने का मुकदमा दर्ज किया।
बीएसएल थाना में सुबह 10 बजे से पहुंचे परिजनों और ग्रामीणों की जब दोपहर तक कोई सुनवाई न हुई तो उन्होंने प्रदर्शन को आंदोलन का रूप दे दिया। बीएसएल थाना पुलिस और मनाली पुलिस के खिलाफ बस में बैठ कर मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए ग्रामीणों ने एसडीएम कार्यालय के बाहर पहले तो सड़क पर धरना दिया और बाद में एसडीएम को ज्ञापन सौंप कर पुलिस पर कार्रवाई करने की मांग की। ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए वहां पर सुंदरनगर थाना पुलिस भी पहुंची तथा उन्होंने ग्रामीणों को सड़क से धरना हटाने को कहा। जब ग्रामीणों ने सुंदरनगर और बीएसएल थाना पुलिस की बात नहीं मानी तो एसडीएम ने दखल देकर यातायात खुलवाया और ग्रामीणों को बातचीत के लिए अपने कार्यालय में बुलाया। जहां पर एसडीएम ने उनकी मांग को संबंधित अधिकारियों के साथ उठाने की बात कही तो जाकर ग्रामीण शांत हुए।
यह है मामला
जयदेवी के निवासी गोपाल शर्मा उर्फ विक्की 15 अक्तूबर को अपने दो दोस्तों के साथ मनाली गया था। जहां 18 अक्तूबर को रोहतांग के व्यास कुंड के पास रहस्यमय परिस्थितियों में उसकी लाश मिली। गोपाल के लापता होने पर परिवार के लोग बीएसएल थाना में 17 और 19 अक्तूबर को उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने गए। लेकिन, आरोप है कि पुलिस ने उनकी प्राथमिकी दर्ज नहीं की। इसी दौरान 18 अक्तूबर को मनाली पुलिस ने प्रदेश के सभी थानों को रोहतांग के व्यास कुंड में एक युवक की लाश मिलने की सूचना दी। जिसके बारे में भी बीएसएल पुलिस ने परिजनों को सूचित नहीं किया। जिसके बाद 72 घंटों तक लाश की शिनाख्त न होने पर मनाली पुलिस ने शव को लावारिस करार देकर जला दिया। ग्रामीणों का कहना है कि बीएसएल पुलिस ने 22 अक्तूबर को उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज की।
इस तरह परिजनों को चला पता
इस दौरान पुलिस में कार्यरत रिश्तेदार के माध्यम से जब परिजनों ने दो दिन पहले उसके मोबाइल की लोकेशन पता कराई तो वह मनाली में मिली। मनाली जाकर जब उन्होंने जानकारी जुटाई तो पता चला की 18 अक्तूबर को मिली लाश गोपाल की थी। जिसके मिलने की सूचना 18 अक्तूबर को सभी थानों को दी गई थी।
हत्या की जताई आशंका
गुस्साए ग्रामीणों ने शुक्रवार को बीएसएल थाना पहुंच कर सुंदरनगर निवासी दो युवकों पर गोपाल की हत्या की आशंका जताते हुए उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की और पुलिस पर उन्हें गुमराह करने का आरोप लगाया। जब पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने में आनाकानी की तो ग्रामीण भड़क उठे और उन्होंने थाना से लेकर एसडीएम कार्यालय तक खूब हंगामा किया। जिसके बाद आनन फानन में पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 364, 302, 34 के तहत प्राथमिकी दर्ज की।
एसडीएम सुंदरनगर देवा श्वेता बानिक ने कहा है बीएसएल कालोनी थाना को इस मामले को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं और परिजनों की शिकायत पत्र को एसपी मंडी को प्रेषित कर दिया गया है। उधर, डीएसपी सुंदरनगर तरनजीत सिंह ने कहा कि बीएसएल थाना पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच आरंभ कर दी है।