मंडी। हिमाचल प्रदेश में होने वाले लोकसभा एवं विधानसभा चुनाव को लेकर तिथियां निर्धारित हो गई हैं और आचार संहिता भी जारी है। ऐसे में चुनाव करवाने में मुख्य भूमिका निभाने वाले कर्मचारी और अधिकारियों ने निर्वाचन आयोग से कुछ महत्वपूर्ण मुद्दों और सुविधाओं पर ध्यान देने का आह्वान किया है। उन्होंने मुख्य निर्वाचन अधिकारी को एक मांगपत्र भेजा है।
राजपत्रित कर्मचारी सेवाएं महासंघ हिमाचल प्रदेश के राज्य उपाध्यक्ष एलडी चौहान ने कहा कि समस्त चुनावों को आयोजित करवाने की प्रक्रिया में कर्मचारियों को कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। इस वजह से कर्मचारी हर्षित मन से नहीं बल्कि निराश मन से चुनाव ड्यूटी करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि चुनाव ड्यूटी के लिए टीम के रहने, सोने, खाने, स्नान आदि की उचित व्यवस्था उनके निर्धारित चुनाव बूथों पर ही होने चाहिए ताकि उनको कठिनाई न हो।
उन्होंने कहा कि अक्सर देखा जाता है कि आमतौर पर कई चुनाव कर्मियों को स्थानीय लोगों के घरों में रातें गुजारनी पड़ती हैं और भोजन आदि नहाने आदि के लिए भी दूसरों पर निर्भर होना पड़ता है। ऐसे में समस्त रिटर्निंग अधिकारी के माध्यम से समस्त सहायक ट्रेनिंग अधिकारियों को निर्देश जारी हों, ताकि वह अपनी जिम्मेदारी समझे तथा पालन नहीं होने पर कर्मचारियों को उचित व्यवस्था न होने के बीच में शिकायत पत्र पर तुरंत कार्रवाई हो। उन्होंने कहा कि चुनाव ड्यूटी करने वाले अधिकारियों कर्मचारियों को नियमानुसार तय दैनिक भत्ता चुनाव समाप्ति के 15 दिन के भीतर उनके बैंक खाते में आ जाना चाहिए।