मंडी। अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव-2026 की सांस्कृतिक संध्याएं इस बार वैश्विक स्तर पर अपनी चमक बिखेरेंगी। 16 से 21 फरवरी तक आयोजित होने वाले इन कार्यक्रमों को विविधतापूर्ण और स्मरणीय बनाने के लिए जिला प्रशासन ने अपनी रणनीति तैयार कर ली है। महोत्सव की अंतरराष्ट्रीय पहचान के अनुरूप इस बार विदेशी सांस्कृतिक दलों की भागीदारी को और अधिक विस्तार दिया जाएगा।
सोमवार को अतिरिक्त उपायुक्त एवं सांस्कृतिक उप-समिति के संयोजक गुरसिमर सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। एडीसी गुरसिमर सिंह ने बताया कि महोत्सव की वैश्विक छवि को सशक्त करने के लिए उन देशों के सांस्कृतिक दलों से भी संपर्क किया जा रहा है, जिन्होंने पहले कभी इस मेले में भाग नहीं लिया है।
इसके अतिरिक्त नॉर्थ जोन कल्चर सेंटर के माध्यम से भारत के विभिन्न राज्यों के नामी कलाकारों को भी आमंत्रित किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दर्शकों को हर शाम कुछ नया और विशेष अनुभव हो, इसके लिए कलाकारों के चयन और कार्यक्रमों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। स्थानीय संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से प्रदेश के दस जिलों के सांस्कृतिक दलों को जिला भाषा एवं संस्कृति विभाग के माध्यम से आमंत्रित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि विशेष रूप से उन हिमाचली कलाकारों को मंच प्रदान करने का प्रयास किया जा रहा है, जिन्होंने बॉलीवुड या राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। बैठक में जिला भाषा अधिकारी रेवती सैनी सहित समिति के अन्य सदस्य भी उपस्थित रहे।