अमर उजाला ब्यूरो
मंडी। औट-लुहरी एनएच पर बालीचौकी के पास एक बार फिर पहाड़ी दरक रही है। साफ मौसम में भी पत्थर और मलबा सड़क पर गिर रहा है। शुक्रवार से जारी इस क्रम से वाहन चालकों को भारी परेशानी हो रही है। वहीं, हर समय जिंदगी पर खतरा भी मंडरा रहा है। वाहन चालक अपनी जान हथेली पर रखकर यहां से गुजर रहे हैं। रविवार को भी पहाड़ी से पत्थर गिरते रहे और एक वाहन भारी भरकम पत्थर की चपेट में आने से बाल-बाल बच गया। बर्फबारी से शुक्रवार को यह मार्ग 12 घंटे बंद रहा था। गौरतलब है कि बरसात में भी इस मार्ग पर पहाड़ी दरकने से कई दिन तक यह मार्ग बहाल नहीं हो पाया था। इस समय भी यहां पर खतरा बना हुआ है। सराज से कुल्लू, मनाली और मंडी जाने के अधिकांश लोग इसी मार्ग का उपयोग करते हैं। रोजाना सैकड़ों यात्री इसी मार्ग से गुजरते हैं, लेकिन इसका स्थायी समाधान न होने से लोगों में रोष है। क्षेत्रवासी टेक सिंह, महेंद्र राणा, संत राम, केहर चंद, योग राज आदि लोगों ने आरोप लगाया है कि विभाग चार साल बाद भी इस स्पॉट को दुरुस्त करने में नाकाम साबित हुआ है और यहां पर यात्रियों और वाहनों चालकों की सुरक्षा के लिए विभाग ने कोई कदम नहीं उठाए हैं। उन्होंने विभाग से जल्द इस सड़क को दुरुस्त करने की मांग की है।
क्या कहते हैं एनएच के एसडीओ
इसके बारे में उपमंडल बंजार राष्ट्रीय राजमार्ग के सहायक अभियंता अरविंद भारद्वाज का कहना है कि शिल्ली-बिहाली मार्ग का मामला ध्यान में है। इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए उच्च अधिकारियों को अवगत करवा दिया गया है। जल्द इसका स्थायी समाधान हो जाएगा।