आपदाग्रस्त सराज के जरोल क्षेत्र में उप प्रधान और संबंधित पटवारी ने दौरा किया। इस दौरान प्रभावित
थुनाग (मंडी)। थुनाग उपमंडल में 30 जून की रात को बादल फटने, बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं के बाद जनजीवन प्रभावित हुआ है। स्थानीय प्रशासन युद्ध स्तर पर राहत सामग्री वितरित करने और प्रभावित परिवारों की मदद करने में जुटा है ताकि सराज घाटी में सामान्य स्थिति बहाल की जा सके।
प्रभावित परिवारों को 4,277 राशन किट, 5,644 तिरपाल, 73 रसोई सेट, 915 कंबल, 476 गद्दे, 93 दवाइयां किट और 164 स्वच्छता किट वितरित की गई हैं। इसके अलावा राजस्व प्रबंधन प्रणाली पोर्टल के तहत 415 मामलों को मंजूरी दी गई है, जिसमें प्रभावित परिवारों को 2,08,25,100 रुपये की राहत राशि प्रदान की गई है।
उपमंडल में 143 जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हुईं। इनमें से 140 योजनाओं को अस्थायी रूप से बहाल कर दिया गया है। 14 ग्राम पंचायतों को पूर्ण तथा 22 को आंशिक पेयजल सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। 117 सड़कों को नुकसान पहुंचा, जिनमें से 36 सड़कों को वाहन संचालन के लिए खोल दिया गया है। शेष 81 अवरुद्ध सड़कों की बहाली विभिन्न चरणों में जारी है। इसके लिए लोक निर्माण विभाग ने 15 एलएंडटी मशीनें, 32 जेसीबी, 12 टिपर, 2 वायु संपीडक और 2 ट्रैक्टर तैनात किए हैं। उधर, एसडीएम थुनाग रमेश कुमार ने बताया कि स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग आपदा से निपटने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। संवाद