तीर्थन घाटी के लाकचा, पेखड़ी और नाहीं गांव की हड़ीनाल-पेखड़ी पेयजल योजना अधर में लटक गई है। इसके कारण लोग स्वच्छ पेयजल से वंचित हैं और उन्हें मटमैला पानी पीना पड़ रहा है। सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही से लोगों में खासा रोष है। स्थानीय निवासी उदय राम, चंदे राम, नीरत सिंह, संगत राम, दुनी चंद, आलम चंद और दिलेराम आदि का कहना है कि हड़ीनाल-पेखली योजना से तीन गांव के लोगों को पेयजल मिलना था।
योजना के लिए 17.23 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत हो चुकी है, लेकिन आईपीएच विभाग की लेट लतीफी के कारण अभी तक पेयजल योजना का काम शुरू नहीं हो पाया है। इससे उन्हें परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने विभाग के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर एक माह के अंदर पेयजल योजना का काम शुरू नहीं किया गया, तो जनता को अपने हकों के लिए मजबूरन सड़कों पर उतरना पड़ेगा। उधर, आईपीएच के सहायक अभियंता केसी ठाकुर ने कहा कि पेयजल योजना के कुछ टेंडर हो चुके हैं। ठेकेदारों को पेयजल योजना का काम शुरू करने के आदेश दिए गए हैं। जल्द ही काम शुरू कर दिया जाएगा।