कुल्लू। अपने भविष्य को बेहतर बनाने के लिए पांगी और लाहौल के सैकड़ों बच्चे पढ़ाई करने के लिए जिला मुख्यालय पहुंचते हैं। यहां किराये के कमरों में रहकर पढ़ाई के साथ-साथ सरकारी नौकरियों और अन्य भर्तियों की तैयारी करते हैं लेकिन जिला मुख्यालय में मात्र एक लाइब्रेरी होने के कारण सभी बच्चों को पढ़ाई के लिए जगह नहीं मिल पाती है। जनजातीय क्षेत्र पागी और लाहौल से जिला मुख्यालय पहुंचने वाले बच्चों ने एक बार फिर कुल्लू में ट्राइबल लाइब्रेरी बनाने की मांग उठाई है। मौजूदा लाइब्रेरी में बैठने की व्यवस्था सीमित होने के कारण कई बच्चों को फीस देकर निजी लाइब्रेरी का रुख करना पड़ता है। इससे किराये के कमरे के साथ उन्हें लाइब्रेरी की फीस और अन्य खर्च भी उठाने पड़ते हैं। अभ्यर्थियों मान सिंह, राहुल, किशन, मान सिंह, हेम रात, दीपक, अशोक और कमल किशोर ने बताया कि कुल्लू में ट्राइबल लाइब्रेरी होना जरूरी है। इससे जनजातीय क्षेत्रों से पढ़ाई करने के लिए आने वाले बच्चों को सुविधा मिल सकेगी। उन्होंने बताया कि हर साल जनजातीय क्षेत्र के बच्चों की शिक्षा के लिए ट्राइबल बजट में प्रावधान होता है। जिला कुल्लू में भी जनजातीय क्षेत्रों के बच्चे शिक्षा ग्रहण करने के लिए आते हैं। ऐसे में इस बजट से जिला मुख्यालय में ट्राइबल लाइब्रेरी का निर्माण किया जाना चाहिए। अभ्यर्थियों ने जनजातीय मंत्री जगत सिंह नेगी से जिला कुल्लू में ट्राइबल बजट से लाइब्रेरी बनाने की मांग उठाई है।
धर्मशाला और कुल्लू में ट्राइबल लाइब्रेरी के निर्माण के लिए कई बार विधानसभा में आवाज उठा चुका हूं। वहीं, प्रदेश कांग्रेस सरकार की ओर से जनजातीय क्षेत्रों को मिलने वाले निर्धारित बजट में कटौती की जा रही है। ऐसे में आने वाले समय में एक बार फिर इस आवाज को बुलंद किया जाएगा।
-डॉ. जनक राज, विधायक, पांगी-भरमौर विधानसभा क्षेत्र
पांगी स्टूडेंट वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से ट्राइबल लाइब्रेरी की मांग कई वर्षों से सरकार के समक्ष उठाई जा रही है। पांगी और लाहौल के बच्चों के लिए जिला मुख्यालय ढालपुर में अलग से लाइब्रेरी का प्रावधान होना आवश्यक है। इससे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे बच्चों को सुविधा मिल सकेगी।
-सुनील दत्त, अध्यक्ष, पांगी स्टूडेंट वेलफेयर एसोसिएशन
पिछले चार साल से कुल्लू में कॉलेज के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही हूं। जिला लाइब्रेरी में कई बार सीट नहीं मिल पाती है। ऐसे में पढ़ाई में रुकावट होती है। जिला मुख्यालय में ट्राइबल लाइब्रेरी होना जरूरी है, जिससे विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए सुविधा मिल सके।
-अनुराधा, सचिव, पांगी वेलफेयर एसोसिएशन कुल्लू
लाहौल और पांगी के सैकड़ों अभ्यर्थी पिछले कई वर्षों से सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं। ट्राइबल क्षेत्र के बच्चों के लिए अलग से लाइब्रेरी होना जरूरी है। इससे बच्चों को शांत माहौल में पढ़ाई करने का मौका मिल सकेगा। -रोहित, विद्यार्थी, लाहौल निवासी
पिछले एक साल से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा हूं। जिला लाइब्रेरी में सीमित सीटें होने के कारण निजी लाइब्रेरी में फीस देकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। प्रदेश सरकार से मांग है कि पांगी के बच्चों की समस्या को ध्यान में रखते हुए जिला मुख्यालय में ट्राइबल लाइब्रेरी स्थापित की जाए। -मोहित कुमार, विद्यार्थी, पांगी पुर्थी निवासी