जिला कुल्लू के बर्फीले और जोखिम भरे ट्रैक रूटों पर ट्रैकरों की कदमताल शुरू हो गई है। अभी तक ट्रैक रूट खुले भी नहीं है कि लोकल डिस आर्गेनाइजरों की ओर से ट्रैकिंग करवानी आरंभ हो गई है। अधिकतर ट्रैक रूट बर्फ से लकदक हैं। रूटों पर कदमताल करना अभी किसी खतरे से खाली नहीं है। जिला प्रशासन और पर्यटन विभाग इससे बेखबर है।
हालांकि 15 मई के बाद ट्रैक रूट खुलेंगे। लेकिन, पैसा कमाने के चक्कर में लोकल डिस आर्गेनाइजर देशी-विदेशी ट्रैकरों की जान के साथ खिलवाड़ करने पर उतर आए हैं। जानकारी के अनुसार पिन-पार्वती ट्रैक रूट खीरगंगा से आगे ट्रैकर बढ़ गए हैं। लगातार मौसम खराब रहने से ट्रैकरों को रूटों पर खतरा उत्पन्न हो सकता है। कुछ ट्रैकर ऑनलाइन ट्रैक रूट देखकर भी निकले हैं।
बता दें कि अभी तक जिला कुल्लू के लोकल ट्रैकिंग रूट जैसे चंद्रखणी और रशोल पास पर ट्रैकिंग करना किसी जोखिम से कम नहीं है। सूचना यह भी है कि मलाणा की तरफ आधी रात को कुछ लोकल लोग ट्रैकरों को ले जा रहे हैं। लेकिन, इन्हें रोकने में स्थानीय पुलिस ध्यान नहीं दे रही है। बिना अनुमति के ट्रैकिंग पर जाना ट्रैकरों के लिए खतरा बन सकता है। हालांकि प्रशासन ने मई के बाद ही मौसम का मिजाज देखकर पंजीकृत ट्रैकिंग और ट्रैवल एजेंसियों को ट्रैकिंग शुरू करने को कहा है। लेकिन, कुछ स्थानीय गाइडों ने प्रशासन के सख्त निर्देश को दरकिनार कर रूटों पर ट्रैकरों की कदम ताल करवानी शुरू कर दी है। इसकी प्रशासन को सुध नहीं है।
अभी तक पुलिस तथा अन्य ट्रैकिंग एजेंसियों और पर्यटन विभाग के पास ट्रैक रूटों पर जाने के लिए किसी प्रकार का पंजीकरण नहीं हुआ है। इसके बावजूद भी जान जोखिम में डालकर ट्रैकर ट्रैकिंग पर निकल चुके हैं। बताया जा रहा है कि पिन-पार्वती ट्रैक रूट के लिए बिना पंजीकरण के दो दर्जन से अधिक ट्रैकर निकल चुके हैं। इन ट्रैकरों के गाइड लोग बताए जा रहे हैं।
बर्फ में फंस गए थे इंजीनियरिंग कॉलेज के आठ छात्र
हैरानी की बात है कि पिछले माह बिजली महादेव-चंद्रखणी ट्रैक रूट पर इंजीनियरिंग कॉलेज के आठ छात्र बर्फ के बीच कई दिन तक फंस गए थे। वे भी बिना अनुमति के ही निकल चुके थे।
जिला में 930 टैवल एजेंसियां : गौतम
उधर, जिला पर्यटन अधिकारी कुल्लू रतन गौतम ने बताया कि जिला कुल्लू में 930 के लगभग ट्रैवल एजेंसियां हैं। इसके अलावा कई ट्रैकिंग एजेंसियां भी पंजीकृत हैं। उन्होंने बताया कि गत दिनों उपायुक्त कुल्लू ने एजेंसियों के साथ इस मसले पर चर्चा की थी और उन्हें नियमों के आधार पर ट्रैकिंग करवाने को कहा है।
नियमों की अवहेलना पर होगी कार्रवाई : उपायुक्त
उधर, उपायुक्त कुल्लू हंसराज चौहान ने कहा कि अभी ट्रैकिंग रूटों पर जाना जोखिम भरा है। कुछ दिनों बाद ही ट्रैक रूट खुल सकते हैं। पंजीकृत एजेंसियों को मई माह के बाद मौसम का मिजाज देखकर ट्रैकिंग करवाने के निर्देश दिए गए हैं। नियमों की अवहेलना करने वालों को बक्शा नहीं जाएगा।