मनाली लेह मार्ग पर रोहतांग में बर्फ के दीदार के लिए सैलानी उमड़ रहे है। दर्रे के समीप पर्यटको को लेकर पहुंचें वाहनो का लगा लंबा जाम।
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एसडीएम कार्यालय मनाली के बाहर लाहौल-स्पीति को जाने वाले सैलानियों की भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही है। हर रोज मनाली एसडीएम कार्यालय से 600 से ज्यादा परमिट लाहौल-स्पीति को जाने के लिए जारी किए जा रहे हैं। परमिट को लेने के लिए सैलानियों सहित स्थानीय लोग सुबह से लेकर लाइनों में लगे रहते हैं। ज्यादातर सैलानी और स्थानीय लोग लाहौल-स्पीति के नाम पर परमिट ले रहे हैं और रोहतांग से सैर सपाटा कर वापस लौट रहे हैं। इस हेरा-फेरी में सैलानियों के साथ-साथ स्थानीय लोग भी शामिल हैं। यहां तक कि परमिट लेने के लिए स्थानीय लोग अपने परिवार के सदस्यों को सुबह ही लाइनों में खड़ा कर देते हैं।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार यह दलाल सैलानियों से परमिट दिलवाने को 700 से 1000 रुपये तक वसूल कर रहे हैं। यह लोग सैलानियों से उनकी गाड़ियों के कागज मांग लेते हैं और शाम को जहां पर यह सैलानी रुके होते हैं वहां पर उनको परमिट छोड़ देते हैं। एसडीएम मनाली ज्योति राणा ने बताया कि जो लोग लाहौल का परमिट लेकर रोहतांग से वापस हो रहे हैं उनके गुलाबा बैरियर के पास चालान काटे जा रहे हैं। इसमें स्थानीय लोगों के भी शामिल होने की भी सूचना है। उन्होंने सैलानियों और स्थानीय लोगों को आगाह किया है कि गलत तरीके से रोहतांग की तरफ न बढ़ें। एनजीटी के कोर्ट के आदेशों की अवहेलना करने वालों को किसी भी सूरत में बक्शा नहीं जाएगा। लाहौल-स्पीति और लेह के लिए परमिट एसडीएम कार्यालय में आसानी से मिल रहे हैं। इसलिए दलालों के चक्कर में न आकर स्वयं आकर परमिट प्राप्त कर सकते हैं।