कुल्लू। जिले में पानी की किल्लत वाले शहरों में गर्मियों से तीन माह पहले ही जल भंडारण बफर टैंक बनाए जाएंगे। इसके तहत 110 बफर टैंकों को बनाने का खाका तैयार किया गया है। इनमें जल भंडारण की क्षमता 10 लाख से 20 लाख लीटर होगी। इससे पर्याप्त मात्रा में पानी मिलेगा।
टैंकों के निर्माण के लिए जल शक्ति विभाग ने डीपीआर तैयार कर केंद्र सरकार को भेज दी है। यहां से मंजूरी मिलने की जल्द उम्मीद है। इसके बाद जल शक्ति विभाग बफर टैंकों को बनाने का काम शुरू करेगा। इसका सीधा लाभ पेयजल किल्लत वाले शहरों के लोगों को मिलेगा। इसमें कुल्लू, मनाली, बंजार समेत अन्य शामिल है, जहां पर बफर टैंकों का निर्माण लोगों की सहूलियत के लिए किया जाएगा। बता दें कि कुल्लू जिले में गर्मियों के मौसम में खासकर शहरों में पानी की ज्यादा किल्लत रहती है। इससे लोगों को पानी पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पाता। शहर के बाजारों में लगे नलों में पानी न के बराबर होता है। इससे लोगों की कतारें लगी रहती हैं। इसका मुख्य कारण यह है कि गर्मियों में पानी के प्राकृतिक स्रोत सूख जातेे हैं। इससे पानी का संकट गहरा जाता है। अब विभाग गर्मियों में लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध करवाएगा। संवाद
दुर्गम गांवों में बनेंगे स्टील टैंक
जिले में सड़क सुविधा से वंचित दुर्गम गांवों में गांवों में स्टील टैंकों का निर्माण किया जाएगा। इससे जल भंडारण टैंक भी ज्यादा मजबूत होंगे। पहले चरण में जल शक्ति विभाग बंजार के पलाइच और सैंज के मझाण गांव में स्टील के टैंकों का निर्माण करेगा। दोनों की क्षमता एक लाख लीटर पानी की होगी, जिससे आपातकालीन स्थित अग्निकांड व अन्य समस्या में पानी मिलेगा। इसकी डीपीआर भी जिला प्रशासन को भेजी है, जहां से जल्द मंजूरी मिलते ही काम शुरू होगा।
केंद्र की मंजूरी के लिए भेजी डीपीआर: रविंद्र
जल शक्ति विभाग शमशी के अधिशासी अभियंता रविंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि गर्मी में पानी की किल्लत वाले शहरों में 110 जल भंडारण बफर टैंक बनाए जाएंगे। इनमें पानी की क्षमता 10 लाख से 20 लाख लीटर होगी। इससे पानी भी पर्याप्त मात्रा में मिलेगा। इसकी डीपीआर बनाकर केंद्र सरकार को भेजी दी है। यहां से जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है।